यमुना खतरे के निशान के पार, निचले इलाको में पानी भरने की आशंका

0

पिछले कुछ दिनों से दिल्ली में यमुना नदी उफान पर है. लगातार हो रही बारिश और हरियाणा के हथिनीकुंड बैराज से लगातार पानी छोड़े  जाने से यमुना का बहाव काफी तेज हो गया है. जिसके कारण दिल्ली के निचले इलाको में पानी भारने की आशंका भीं बढ़ गयी है. फ़िलहाल यमुना में जलस्तर 206.03 मीटर है. यमुना में लगातार पानी बढ़ने की वजह से दिल्ली पर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है. खासकर वजीराबाद, सोनिया विहार, शास्त्री पार्क, गांधी नगर, ओखला समेत अन्य निचले इलाको पर बाढ़ का साया मंडरा रहा है. अगर यही स्थिति बनी रही तो ये इलाके एक दो दिनों में बाढ़ की चपेट में आ सकते हैं. बाढ़ की आशंका को देखते हुए निचले इलाके में रह रहे लोगों को निकालने की प्रक्रिया शुरू हो गई है. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आपात बैठक भी की है.

यह भी पड़े:  दिल्ली में यमुना नदी का कहर, 27 ट्रेनें हुई रद्द

दिल्ली सरकार भी बाढ़ को लेकर सक्रिय

निचले इलाको में बाढ़ का खतरा देखते हुए दिल्ली सरकार भी पूरी तरीके से सक्रिय है. दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया खुद राहत और बचाव कार्य की निगरानी कर रहे हैं. एक दिन पहले ही वह अक्षरधाम और पांडव नगर जैसे निचले इलाकों में लोगों को निकालने के लिए चल रहे काम का जायजा लेने पहुंचे थे. मनीष सिसोदिया ने नदी के आसपास रहने वाले लोगों से मुलाकात भी की और उन्हें यमुना के बढ़ते जल स्तर के बारे में आगाह करते हुए सुरक्षित स्थान पर जाने का आग्रह किया है.

दिल्ली के अलावा हरियाणा में भी युमना नदी उफान पर है. हरियाणा के पानीपत में यमुने किनारे बसे गावों के चारो और पानी भर गया है. जिससे गांव का दूसरे इलाक़ों से संपर्क कट गया है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

15 − seven =