पूर्व जम्मू कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती नें भाजपा के पीडीपी के गठबंधन को पीडादायक बताया। उन्होंने कहा की उनके पिता मुफ्ती मोहम्मद सईद नें भाजपा के साथ गठबंधन इसलिए किया था, क्योंकि कश्मीर पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के दौर में काफी फूला फला था। उनके पिता को 2015 में उम्मीद थी की मोदी सरकार के साथ गठबंधन करके कश्मीर के हालातों में सुधार होगा लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हो सका।
भाजपा नें तोडा था पीडीपी के साथ गठबंधन
2015 में हुए चुनावों में जम्मू कश्मीर में किसी भी सरकार को पूर्ण बहुमत नहीं मिला था। भाजपा और पीडीपी घाटी में सरकार बनाने की स्थिति में थे। दोनों ही प्रार्टी नें गठबंधन करके जम्मू कश्मीर में सरकार बनाई थी। इसके बाद से ही घाटी में लगातार आतंक की घटनाएँ होती रहीं। जिसके कारण यह गठबंधन टूट गया।
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पीडीपी नें किया था पक्षपात
भाजपा नें गठबंधन टूटने की वजह पीडीपी के पक्षपात रवैए को भी बताया। भाजपा नें कहा की पीडीपी की सरकार केवल घाटी के लोगों के लिए ही काम कर रहीं है जबकि जम्मू में रह रहें हिंन्दु लोगों को प्रार्टी दरकिनार कर रहीं थी। आतंक के ख़िलाफ़ पीडीपी ईमानदार नहीं दिखाई दे रहीं थी यह भी एक कारण था जिसकी वजह से भाजपा को मजबूरी में आकर गठबंधन को तोडना पडा था।
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दुसरी तरफ़ लोगों और मीडिया के द्रारा इस गठबंधन पर दबाव बढ़ रहा था। क्योंकि सीमा पर जवान लगातार शहीद हो रहे थे और राज्य सरकार कोई भी सकारात्मक कदम नहीं उठा रहीं थी। भाजपा को लगा की लोगों में इस गठबंधन को लेकर संदेश अच्छा नहीं जा रहा हैं। जिसका नुकसान प्रार्टी को 2019 के लोकसभा चुनाव में उठाना पड सकता हैं।
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