बुधवार, 12 अगस्त 2026 · नई दिल्ली
गुजरात

गुजरात: शेयर ट्रेडिंग के नाम पर करोड़ों की ठगी का खुलासा, जूनागढ़ से दो आरोपी गिरफ्तार

गुजरात में ऑनलाइन शेयर ट्रेडिंग के नाम पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। सूरत शहर की साइबर क्राइम सेल ने इस मामले में जूनागढ़ से दो लोगों को गिरफ्तार किया है। समाचार…

गुजरात: शेयर ट्रेडिंग के नाम पर करोड़ों की ठगी का खुलासा, जूनागढ़ से दो आरोपी गिरफ्तार
(फोटो: IANS)

गुजरात में ऑनलाइन शेयर ट्रेडिंग के नाम पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। सूरत शहर की साइबर क्राइम सेल ने इस मामले में जूनागढ़ से दो लोगों को गिरफ्तार किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, यह कार्रवाई एक व्यक्ति द्वारा 42.98 लाख रुपये की ठगी की शिकायत के बाद शुरू हुई थी, लेकिन जांच के दौरान 4 करोड़ रुपये से अधिक के बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ।

विज्ञापन

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान 33 वर्षीय गौतमकुमार लाठेगर और 42 वर्षीय सचिनकुमार टेटा के रूप में हुई है, दोनों जूनागढ़ के रहने वाले हैं। पुलिस ने बताया कि इन लोगों ने एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर शिकायतकर्ता को अच्छे मुनाफे का झांसा दिया और शेयर ट्रेडिंग के लिए एक आईडी बनवाई। इसके बाद पीड़ित से अलग-अलग बैंक खातों में कुल 42,98,934 रुपये जमा करवा लिए। जब पैसे वापस नहीं मिले, तो पीड़ित ने साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई।

मामूली कमीशन के लिए बने बड़े अपराध के मोहरे

जांच में पता चला कि गिरफ्तार आरोपी कमीशन के बदले अपने बैंक खातों का इस्तेमाल कर रहे थे। पुलिस के अनुसार, दिहाड़ी मजदूर गौतमकुमार लाठेगर ने कमीशन के बदले अपना बैंक खाता सह-आरोपी सचिनकुमार टेटा को दिया था। सचिनकुमार, जो एक रियल एस्टेट ब्रोकर है, ने यह खाता एक अन्य फरार आरोपी को साइबर ठगी में इस्तेमाल करने के लिए दे दिया, जिसके बदले उसे 15,000 रुपये मिले। ठगी की रकम में से 2 लाख रुपये गौतमकुमार के खाते में आए थे, जिसमें कुल 18.49 लाख रुपये का लेनदेन पाया गया।

एक शिकायत से खुला देशव्यापी नेटवर्क

सूरत पुलिस ने जब एक आरोपी के बैंक खाते की जांच कोऑर्डिनेशन पोर्टल के जरिए की, तो चौंकाने वाली जानकारी सामने आई। यह खाता देश के विभिन्न राज्यों में दर्ज तीन अन्य साइबर धोखाधड़ी के मामलों से भी जुड़ा हुआ था। पुलिस ने बताया कि इन तीनों मामलों में पीड़ितों से कुल 4,03,00,157 रुपये की ठगी की गई थी। इस मामले में सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66(डी) के साथ-साथ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है।

साइबर पुलिस की नागरिकों को सलाह

इस घटना के बाद साइबर क्राइम सेल ने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। पुलिस ने कहा है कि शेयर ट्रेडिंग, फॉरेक्स ट्रेडिंग या क्रिप्टोकरेंसी में भारी मुनाफे का वादा करने वाले संदेशों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। यदि कोई अनजान नंबर आपको व्हाट्सएप या टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ता है, तो तुरंत ग्रुप छोड़ दें। साइबर ठग अक्सर भरोसा जीतने के लिए शुरुआत में छोटा-मोटा मुनाफा देते हैं, इसलिए ऐसे झांसों में आकर बड़ी रकम का निवेश करने से बचें।

इनपुट: IANS

N

News4Social गुजरात डेस्क

News4Social गुजरात डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से गुजरात से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →