फुकेत-दिल्ली फ्लाइट टर्बुलेंस: एयर इंडिया CEO से नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने किए सवाल, जांच जारी
एयर इंडिया की फुकेत-दिल्ली उड़ान में पिछले हफ्ते हुए गंभीर टर्बुलेंस के मामले में सरकार ने एयरलाइन के शीर्ष प्रबंधन से जवाब तलब किया है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, नागरिक उड्डयन सचिव…
एयर इंडिया की फुकेत-दिल्ली उड़ान में पिछले हफ्ते हुए गंभीर टर्बुलेंस के मामले में सरकार ने एयरलाइन के शीर्ष प्रबंधन से जवाब तलब किया है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, नागरिक उड्डयन सचिव समीर कुमार सिन्हा और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने मंगलवार को एयर इंडिया के CEO कैंपबेल विल्सन के साथ एक बैठक की, जिसमें 4 अगस्त की घटना पर विस्तार से चर्चा हुई।
इस घटना में थाईलैंड के फुकेत से दिल्ली आ रहा एयर इंडिया का A320neo विमान 36,000 फीट की ऊंचाई पर अचानक 300 फीट नीचे आ गया था। हवा में लगे इन शक्तिशाली झटकों के कारण विमान में सवार 17 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने एयरलाइन के तीन वरिष्ठ अधिकारियों को तलब किया था।
उच्च स्तरीय बैठक और जांच
इस अहम बैठक में नागरिक उड्डयन सचिव के अलावा, नागरिक उड्डयन महानिदेशक (DGCA) वीर विक्रम यादव और विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) के महानिदेशक जी.वी.जी. युगांधर भी शामिल हुए। एयर इंडिया की ओर से CEO कैंपबेल विल्सन के साथ फ्लाइट सेफ्टी हेड दीपक जोशी और टाटा संस के चेयरमैन के कार्यकारी सलाहकार प्रदीप सिंह खरोला भी मौजूद थे।
सूत्रों के मुताबिक, फ्लाइट संख्या AI2379 (विमान VT-EXO) में टर्बुलेंस के अलावा हाइड्रोलिक फेलियर और ऑटोपायलट के बंद हो जाने जैसी तकनीकी खराबियां भी आई थीं। इस 'गंभीर घटना' की जांच अब एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) कर रहा है।
अंतरराष्ट्रीय एजेंसियां भी जांच में शामिल
इस मामले की जांच में विमान बनाने वाली कंपनी एयरबस और फ्रांस की विमानन दुर्घटना जांच एजेंसी BEA भी सहयोग करेंगी। अंतरराष्ट्रीय नियमों के तहत, विमान निर्माता कंपनी के तौर पर एयरबस जांचकर्ताओं को तकनीकी सहायता प्रदान करेगी। इसमें विमान के सिस्टम को समझने और फ्लाइट डेटा का विश्लेषण करने में मदद करना शामिल है। जांच के लिए विमान का फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर और कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर सुरक्षित रख लिया गया है, ताकि घटना के सटीक कारणों का पता लगाया जा सके।
पायलटों पर कार्रवाई
इस बीच, नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने जांच पूरी होने तक विमान के दोनों पायलटों को उड़ान ड्यूटी से हटा दिया है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने रविवार को यह भी बताया था कि दिल्ली पहुंचने पर पायलट-इन-कमांड का शुरुआती साइकोएक्टिव पदार्थ स्क्रीनिंग टेस्ट 'नॉन-नेगेटिव' आया था। सैंपल को पुष्टि के लिए आगे की जांच के लिए भेजा गया है, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इनपुट: IANS



