पंजाब सरकार को हाईकोर्ट की फटकार, भाजपा ने कहा- कर्मचारियों और पेंशनरों की बड़ी जीत
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने राज्य के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के बकाए को लेकर भगवंत मान सरकार को कड़े निर्देश दिए हैं। अदालत ने सरकार से 15 दिनों के भीतर महंगाई भत्ता (DA), पेंशन और अन्य सभी…
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने राज्य के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के बकाए को लेकर भगवंत मान सरकार को कड़े निर्देश दिए हैं। अदालत ने सरकार से 15 दिनों के भीतर महंगाई भत्ता (DA), पेंशन और अन्य सभी बकाया राशि जारी करने को कहा है। इस फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा ने इसे पंजाब सरकार के कामकाज पर एक करारा प्रहार बताया है।
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ ने समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में सोमवार को आए इस अदालती फैसले का स्वागत किया। उन्होंने इसे राज्य के लगभग आठ लाख कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए न्याय और एक बड़ी जीत करार दिया। चुघ ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी की सरकार के कुशासन के कारण कर्मचारियों को अपने वैधानिक अधिकारों के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाना पड़ा।
सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल
भाजपा सांसद ने पंजाब सरकार की आर्थिक प्राथमिकताओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि वह जनता के पैसे का दुरुपयोग कर विज्ञापनों पर हजारों करोड़ रुपए खर्च कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपने नेताओं की तस्वीरें चमकाने में व्यस्त है, जबकि कर्मचारियों और पेंशनरों के जायज भुगतान को रोक कर रखा गया है। तरुण चुघ के मुताबिक, हाईकोर्ट के इस आदेश से सरकार की टालमटोल की नीति पूरी तरह विफल साबित हुई है।
MSME विधेयक का भी स्वागत
एक अन्य महत्वपूर्ण घटनाक्रम में, तरुण चुघ ने राज्यसभा में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (MSME) विकास (संशोधन) विधेयक के पारित होने पर भी प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने इस विधेयक को देश भर के लाखों MSME के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताया।
चुघ ने विश्वास जताया कि यह नया कानून MSME क्षेत्र को नई ऊर्जा देगा, उद्यमियों को बेहतर सुरक्षा प्रदान करेगा और कारोबार के नए अवसर पैदा करेगा। उन्होंने कहा कि यह विधेयक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'विकसित भारत' के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा, जिससे देश की अर्थव्यवस्था और रोजगार सृजन को गति मिलेगी।
इनपुट: IANS



