अखिलेश यादव भले ही अब यूपी के मुख्यमंत्री नहीं हैं। लेकिन जनता से अब भी उनका लगाव उतना ही है। कानपुर के झींझक में पिछले साल नोटबंदी के दौरान बैंक की कतार में जन्मे मासूम खजांची का हाल-चाल पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने फोन करके लिया।
पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने निर्वतमान चेयरमैन राजकुमार यादव के हाथों खजांची के परिवार को आर्थिक मदद भी पहुंचवाई। बता दें कि इससे पहले भी यूपी का मुख्यमंत्री रहते हुए अखिलेश यादव ने नोटबंदी की लाइन में जन्में खजांची की मां को उस वक्त सहायता के रूप में 2 लाख रुपये दिए थे।
झींझक की पंजाब नेशनल बैंक में पिछले साल नोट बदलने के लिए कतार में खड़ी सरदार पुरवा गांव निवासी नि:शक्त सर्वेशा ने एक बच्चे को जन्म दिया था। इस पर तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने उसकी परवरिश के लिए दो लाख रुपये की सहायता दी थी। बाद में उसका नाम खजांची रखा गया था।
बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री ने निर्वतमान चेयरमैन को मासूम खजांची का हालचाल लेने के लिए उसके ननिहाल भेजा। साथ ही फोन कर सर्वेशा से उसके बारे में जानकारी की।
जखांची की मां से मिलकर आए निवर्तमान चेयरमैन ने बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री ने जिले में आकर खजांची से मिलने की बात कही। गौरतलब है कि 8 नवंबर 2017 को अखिलेश यादव ने खजांची की मां को मदद की राशि सौंपते हुए एक तस्वीर ट्वीटर पर साझा किया और लिखा था कि नोटबंदी की लाइन में जन्में खजांची की मां नहीं जानती हैं कालाधन क्या होता है, हम नोटबंदी का जश्न तो नहीं पर खजांची का जन्मदिन जरूर मनाएंगे।









