त्रिपुरा: IPL सट्टेबाजी गिरोह पर ED का बड़ा एक्शन, एक करोड़ से ज़्यादा की संपत्ति ज़ब्त
त्रिपुरा में चल रहे एक अवैध क्रिकेट सट्टेबाजी गिरोह के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, ED ने गिरोह से जुड़ी लगभग 1.05 करोड़ रुपये की…
त्रिपुरा में चल रहे एक अवैध क्रिकेट सट्टेबाजी गिरोह के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, ED ने गिरोह से जुड़ी लगभग 1.05 करोड़ रुपये की चल-अचल संपत्ति को अस्थायी रूप से कुर्क कर लिया है। यह इस मामले में एजेंसी द्वारा जारी किया गया दूसरा कुर्की आदेश है।
ईडी की अगरतला इकाई द्वारा की गई इस कार्रवाई में नौ अचल संपत्तियां और एक आरोपी व्यक्ति व उसकी पत्नी के नाम पर बैंक खातों में जमा राशि शामिल है। जब्त की गई संपत्तियों में पश्चिम त्रिपुरा में कृषि और आवासीय भूमि के नौ भूखंड और कोलकाता में स्थित एक संपत्ति भी है, जिन्हें कथित तौर पर नकद भुगतान के ज़रिए खरीदा गया था।
पुलिस की FIR से शुरू हुई ED की जांच
यह पूरा मामला त्रिपुरा पुलिस द्वारा प्रसेनजीत पॉल और लक्ष्मण पॉल के खिलाफ दर्ज एक FIR पर आधारित है। 11 मई, 2023 को प्रसेनजीत पॉल के घर पर पुलिस ने तलाशी ली थी, जिसमें 93 लाख रुपये नकद, एक लैपटॉप, मोबाइल फोन, चार डेबिट कार्ड और सट्टेबाजी के लेन-देन का हिसाब रखने वाली 17 नोटबुक बरामद हुई थीं। इसी के आधार पर पुलिस ने भारतीय दंड संहिता और त्रिपुरा जुआ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया था, जिसके बाद ED ने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत अपनी जांच शुरू की।
मामा-भांजे का सट्टेबाजी सिंडिकेट
जांच में पता चला कि प्रसेनजीत पॉल अपने मामा लक्ष्मण पॉल और अन्य साथियों के साथ मिलकर IPL और दूसरे क्रिकेट मैचों पर अवैध सट्टेबाजी का एक संगठित गिरोह चला रहा था। आरोप है कि लक्ष्मण पॉल न केवल इस अवैध गतिविधि में प्रसेनजीत की मदद करता था, बल्कि उसे गिरफ्तारी से बचाने में भी सहायता करता था।
जांच में यह भी सामने आया कि लक्ष्मण पॉल ने अपनी पत्नी झूमा डे पॉल के नाम पर कई बैंक खाते खोल रखे थे, जिनमें करोड़ों रुपये की बड़ी नकद जमा राशि मिली। इसके अलावा, उन्होंने कई अचल संपत्तियां भी अर्जित कीं, जिनके लिए कोई वैध आय स्रोत घोषित नहीं किया गया था।
अब तक 2.43 करोड़ की संपत्ति कुर्क
इस मामले में यह ED की दूसरी कुर्की है। इससे पहले 16 मार्च, 2026 को जारी एक आदेश में प्रसेनजीत पॉल और उसकी मां के नाम की संपत्तियां कुर्क की गई थीं। ताज़ा कार्रवाई के बाद इस मामले में ज़ब्त की गई कुल संपत्ति का मूल्य (नकद, अचल संपत्ति और बैंक राशि मिलाकर) अब लगभग 2.43 करोड़ रुपये हो गया है। मामले में आगे की जांच जारी है।
इनपुट: IANS



