MPSC छात्र आंदोलन: पुणे में भूख हड़ताल तेज, राहुल गांधी और शरद पवार के आने की संभावना
महाराष्ट्र के पुणे में एमपीएससी (MPSC) छात्रों का आंदोलन दूसरे दिन भी जारी है और अब यह और तेज हो गया है। 5 छात्रों से शुरू हुई भूख हड़ताल में अब 7 छात्र शामिल हो गए हैं। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट…
महाराष्ट्र के पुणे में एमपीएससी (MPSC) छात्रों का आंदोलन दूसरे दिन भी जारी है और अब यह और तेज हो गया है। 5 छात्रों से शुरू हुई भूख हड़ताल में अब 7 छात्र शामिल हो गए हैं। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, विपक्ष के कई बड़े नेताओं के समर्थन से सरकार पर दबाव बढ़ता दिख रहा है।
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के विधायक रोहित पवार ने दावा किया है कि अगर सरकार ने छात्रों की मांगें नहीं मानीं तो आंदोलन में शामिल होने वाले छात्रों की संख्या सोमवार तक 70 हजार तक पहुंच सकती है। उन्होंने बताया कि 1 अक्टूबर को यह आंदोलन 3500 छात्रों के साथ शुरू हुआ था। पवार ने कहा, "शनिवार को पांच लोगों ने भूख हड़ताल पर जाने का फैसला किया था। आज सुबह दो और लड़कियों ने (एक मराठवाड़ा और दूसरी पुणे से) अपनी मर्जी से भूख हड़ताल में हिस्सा लिया। भूख हड़ताल पर बैठे स्टूडेंट्स की संख्या बढ़ रही है।"
विपक्षी नेताओं का बढ़ता समर्थन
इस आंदोलन को विपक्ष का भी भरपूर समर्थन मिल रहा है। जानकारी के मुताबिक, रविवार शाम को संजय राउत, सतेज पाटिल और राज ठाकरे आंदोलन स्थल पर पहुंचेंगे। वहीं, आने वाले दिनों में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और एनसीपी प्रमुख शरद पवार भी छात्रों के समर्थन में पुणे आ सकते हैं। रोहित पवार ने कहा, "इन बच्चों के समर्थन में नेताओं के आने का सिलसिला भी बढ़ता जा रहा है। आने वाले दिनों में राहुल गांधी और शरद पवार भी आने वाले हैं। इस संबंध में सरकार की ओर से जल्द से जल्द रास्ता निकलना बहुत जरूरी है।"
राहुल गांधी के समर्थन से दबाव की उम्मीद
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा सोशल मीडिया पर आंदोलन को समर्थन दिए जाने पर रोहित पवार ने उनका आभार जताया। उन्होंने कहा, "नेता प्रतिपक्ष होने के नाते छात्रों के लिए राहुल गांधी के समर्थन से दबाव बनेगा। बच्चों को न्याय देने और राज्य को अच्छे अधिकारी देने के लिए जो एमपीएससी बनाई थी, उसमें भ्रष्टाचार शुरू हो गया। इस भ्रष्टाचार को खत्म करके राज्य के नागरिकों को अच्छा अधिकारी मिले, इसका समर्थन होगा।" पवार ने यह भी उल्लेख किया कि उद्धव ठाकरे, आदित्य ठाकरे, अमित ठाकरे और संजय राउत जैसे उच्च स्तर के नेता भी आंदोलन में शामिल हो रहे हैं, जो इसे और बड़ा बनाएगा।
इनपुट: IANS



