मध्य प्रदेश: सीहोर में बनेगा राष्ट्रीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान, किसानों को मिलेगी बड़ी सौगात
मध्य प्रदेश के लाखों सोयाबीन किसानों के लिए एक बड़ी खबर है। राज्य के सीहोर जिले में अब राष्ट्रीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान की स्थापना होने जा रही है, जिससे प्रदेश में सोयाबीन की खेती को नई दिशा मिलने…
मध्य प्रदेश के लाखों सोयाबीन किसानों के लिए एक बड़ी खबर है। राज्य के सीहोर जिले में अब राष्ट्रीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान की स्थापना होने जा रही है, जिससे प्रदेश में सोयाबीन की खेती को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए भूमि आवंटन को मंजूरी दे दी गई।
समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, यह संस्थान सीहोर जिले की इछावर तहसील के भाऊखेड़ी गांव में स्थापित किया जाएगा। राज्य सरकार ने इसके लिए 20 हेक्टेयर भूमि स्थायी पट्टे पर आवंटित करने का फैसला किया है। इस भूमि का उपयोग विशेष रूप से कृषि विज्ञान केंद्र बनाने के लिए होगा, जो सोयाबीन अनुसंधान और विकास के जरिए देश के करीब 50 लाख किसानों को सीधे या परोक्ष रूप से लाभ पहुंचाएगा।
स्वास्थ्य और अधोसंरचना पर भी बड़े फैसले
कैबिनेट की बैठक में सिर्फ कृषि ही नहीं, बल्कि स्वास्थ्य और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कई अहम निर्णय भी लिए गए। मंत्रिपरिषद ने लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा विभाग के तहत चल रही विभिन्न योजनाओं को 31 मार्च 2031 तक जारी रखने के लिए 44,515.13 करोड़ रुपए की बड़ी राशि स्वीकृत की है। इसमें राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, आयुष्मान भारत और स्वास्थ्य संस्थाओं की सुरक्षा व सफाई जैसी योजनाएं शामिल हैं।
इसके अलावा, भोपाल को एक मेट्रोपोलिटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने की दिशा में भी एक बड़ा कदम उठाया गया है। भोपाल-विदिशा मार्ग को 2-लेन से 4-लेन में अपग्रेड करने के लिए 1757.57 करोड़ रुपए मंजूर किए गए हैं। सांची स्तूप जैसे प्रमुख स्थलों से गुजरने वाला यह मार्ग क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करेगा और औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देगा। इसी क्रम में, भोपाल बायपास को 6-लेन बनाने के लिए टोल टैक्स वसूली की अनुमति 2031 तक बढ़ा दी गई है।
इनपुट: IANS



