अमेरिका में गोलीबारी की दो बड़ी घटनाएँ: यूनिवर्सिटी और पार्क में हमले, एक की मौत, कई घायल
अमेरिका में 24 घंटों के भीतर गोलीबारी की दो अलग-अलग घटनाओं ने देश को दहला दिया है। वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी में हुए एक हमले के कुछ ही घंटों बाद, केंटकी के एक पार्क में भी गोलियाँ चलीं, जिसमें एक…
अमेरिका में 24 घंटों के भीतर गोलीबारी की दो अलग-अलग घटनाओं ने देश को दहला दिया है। वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी में हुए एक हमले के कुछ ही घंटों बाद, केंटकी के एक पार्क में भी गोलियाँ चलीं, जिसमें एक व्यक्ति की जान चली गई और चार अन्य घायल हो गए। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, घायलों में एक 4 साल का बच्चा भी शामिल है।
केंटकी के लेक्सिंगटन पुलिस प्रमुख लॉरेंस वेदर्स ने बताया कि यह हमला शनिवार शाम चार्ल्स यंग पार्क में हुआ। इस घटना में कुल पाँच लोगों को गोली लगी थी। घायलों में 4 वर्षीय बच्चे के अलावा एक 14 साल का किशोर और दो वयस्क शामिल हैं, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सिन्हुआ न्यूज एजेंसी के हवाले से बताया गया है कि घटना के बाद लेक्सिंगटन शहर में भारी पुलिस बल तैनात किया गया और जाँच के लिए कई सड़कें बंद कर दी गईं। अधिकारियों ने अभी तक किसी संदिग्ध या मृतक की पहचान उजागर नहीं की है और कोई गिरफ्तारी भी नहीं हुई है।
यूनिवर्सिटी कैंपस में भी फायरिंग
इससे पहले शनिवार तड़के ही वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी में भी गोलीबारी की घटना हुई थी। यूनिवर्सिटी के रेजिडेंस हॉल के बाहर हुई इस फायरिंग में पाँच लोग घायल हो गए, जिन्हें पास के अस्पताल ले जाया गया। यूनिवर्सिटी के बयान के मुताबिक, एक व्यक्ति की हालत गंभीर बनी हुई है।
यूनिवर्सिटी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर जानकारी दी कि इस घटना में "कई संदिग्ध" शामिल थे, जिसके बाद कैंपस को कुछ समय के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया था। बाद में लॉकडाउन हटा लिया गया, लेकिन काउंटी और कैंपस पुलिस दोनों मिलकर मामले की जाँच कर रही हैं। यह स्पष्ट नहीं है कि इस मामले में कोई गिरफ्तारी हुई है या नहीं। यह घटना यूनिवर्सिटी में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत से ठीक पहले हुई।
जॉर्जिया के स्कूल में भी हुई थी घटना
उल्लेखनीय है कि इसी हफ्ते बुधवार को जॉर्जिया के ह्यूस्टन काउंटी के एक हाई स्कूल में भी गोलीबारी हुई थी, जिसमें दो छात्र घायल हो गए थे। इस मामले में एक संदिग्ध को हिरासत में लिया गया है।
इनपुट: IANS



