इंडियाना में 30 साल की सबसे विनाशकारी बाढ़: बच्चे समेत 6 की मौत, राष्ट्रपति ने दी आपातकाल की मंजूरी
अमेरिका का इंडियाना राज्य पिछले तीन दशकों की सबसे भीषण बाढ़ का सामना कर रहा है, जिसमें एक चार साल के बच्चे सहित छह लोगों की जान चली गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, 11 अगस्त से शुरू हुई मूसलाधार…
अमेरिका का इंडियाना राज्य पिछले तीन दशकों की सबसे भीषण बाढ़ का सामना कर रहा है, जिसमें एक चार साल के बच्चे सहित छह लोगों की जान चली गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, 11 अगस्त से शुरू हुई मूसलाधार बारिश के कारण राज्य में तबाही का मंजर है, जिससे नदियां उफान पर हैं और कई रिहायशी इलाके पानी में डूब गए हैं।
इंडियाना स्टेट इमरजेंसी ऑपरेशन्स सेंटर ने पुष्टि की है कि मृतकों में तीन महिलाएं और दो पुरुष भी शामिल हैं। अधिकारियों के मुताबिक, डेलावेयर काउंटी में दो मौतें हुईं, जबकि जेनिंग्स, लेक, पोर्टर और लापोर्ट काउंटी में एक-एक व्यक्ति की जान गई। शुरुआत में पांच मौतों की सूचना दी गई थी, लेकिन शनिवार को राज्य के होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट ने छठी मौत की पुष्टि की।
प्रशासनिक कदम और संघीय सहायता
बाढ़ की गंभीरता को देखते हुए इंडियाना के गवर्नर माइक ब्राउन ने शुक्रवार को राष्ट्रपति से आपातकाल घोषित करने का अनुरोध किया था। शनिवार को उन्होंने बताया कि उनकी राष्ट्रपति ट्रंप से बात हुई और संघीय सरकार से मदद का आश्वासन मिला है। गवर्नर ब्राउन ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “मैंने आज राष्ट्रपति ट्रंप से इंडियाना में आए भयंकर तूफान और बाढ़ के बारे में बात की, और उन्होंने कहा कि वह प्रेसिडेंशियल इमरजेंसी घोषणा के हमारे अनुरोध को मंजूर करते हैं। मैं राष्ट्रपति ट्रंप का शुक्रगुजार हूं कि उन्होंने मदद का वादा किया जिसकी हमें जरूरत है।”
बारिश और बाढ़ का पैमाना
नेशनल वेदर सर्विस के अनुसार, कुछ इलाकों में सिर्फ दो दिनों के भीतर 11 इंच (280 मिमी) से अधिक बारिश दर्ज की गई। इस वजह से व्हाइट रिवर समेत कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बहने लगीं। इंडियानापोलिस के मेयर जो हॉगसेट ने इसे 30 साल में इलाके की सबसे बुरी बाढ़ बताया है। भारी बारिश ने सड़कों और रिहायशी इलाकों को जलमग्न कर दिया है, जिससे बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चलाना पड़ा। अकेले डेलावेयर काउंटी में ही सैकड़ों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।
जनजीवन पर असर और चेतावनी
बाढ़ के कारण राज्य में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। हजारों घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की बिजली गुल हो गई है और कई जगहों पर सड़क संपर्क टूट गया है। बचाव दल नावों की मदद से फंसे हुए लोगों को निकाल रहे हैं। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और बाढ़ के पानी में वाहन न चलाने की अपील की है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में और बारिश की संभावना जताई है, जिसके चलते अधिकारियों ने लोगों को नदियों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की चेतावनी दी है।
इनपुट: IANS



