रेणुकास्वामी मर्डर केस: अब दो और आरोपी सरकारी गवाह बनने को तैयार, दर्शन की मुश्किलें बढ़ीं
कन्नड़ सुपरस्टार दर्शन से जुड़े चर्चित रेणुकास्वामी हत्याकांड में एक नया मोड़ आया है। मामले के दो और आरोपियों ने बेंगलुरु की एक अदालत में सरकारी गवाह बनने की इच्छा जताई है। यह घटनाक्रम तब हुआ जब कुछ…
कन्नड़ सुपरस्टार दर्शन से जुड़े चर्चित रेणुकास्वामी हत्याकांड में एक नया मोड़ आया है। मामले के दो और आरोपियों ने बेंगलुरु की एक अदालत में सरकारी गवाह बनने की इच्छा जताई है। यह घटनाक्रम तब हुआ जब कुछ ही दिन पहले एक अन्य आरोपी प्रदोष ने भी अपराध से जुड़ी पूरी सच्चाई बताने की पेशकश करते हुए ऐसी ही अर्जी दाखिल की थी।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, गुरुवार को आरोपी रविशंकर और विनय ने बेंगलुरु की 59वीं सेशन कोर्ट को सूचित किया कि वे मामले में क्षमादान मांगते हुए गवाह बनना चाहते हैं। जमानत पर बाहर चल रहे इन दोनों आरोपियों के वकीलों ने बताया कि इस संबंध में वे जल्द ही अलग-अलग याचिकाएं दायर करेंगे।
एक के बाद एक गवाह बनने की होड़
यह मामला उस वक्त सामने आया जब अदालत आरोपी प्रदोष की अर्जी पर सुनवाई कर रही थी, जिसने पहले ही गवाह बनने की मांग की थी। हालांकि, प्रदोष के वकील ने अदालत से आग्रह किया कि रविशंकर और विनय की अर्जियों को उनके मुवक्किल की याचिका के साथ न जोड़ा जाए। वकील ने तर्क दिया कि अदालत को पहले प्रदोष का बयान दर्ज करना चाहिए, जिसके बाद अभियोजन पक्ष को अन्य अर्जियों पर फैसला लेना चाहिए।
प्रदोष ने अपनी अर्जी में यह भी मांग की है कि उसे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कार्यवाही में एक अलग कमरे से शामिल होने की अनुमति दी जाए, क्योंकि फिलहाल उसे दर्शन समेत अन्य आरोपियों के साथ ही वर्चुअली पेश किया जा रहा है। अदालत ने इस अर्जी पर अभियोजन पक्ष से अपना रुख स्पष्ट करने को कहा है।
क्या है रेणुकास्वामी हत्याकांड?
यह मामला अभिनेता दर्शन थुगुदीपा, उनकी साथी पवित्रा गौड़ा और 16 अन्य लोगों से जुड़ा है, जिन पर रेणुकास्वामी नामक एक प्रशंसक के अपहरण और हत्या का आरोप है। अभियोजन पक्ष के मुताबिक, चित्रदुर्ग के रहने वाले 33 वर्षीय रेणुकास्वामी ने पवित्रा गौड़ा को कथित तौर पर अश्लील संदेश भेजे थे। इसके बाद जून 2024 में उसका अपहरण कर बेंगलुरु लाया गया, जहां एक शेड में उसे बुरी तरह पीटा और प्रताड़ित किया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। बाद में उसका शव शहर के बाहरी इलाके में एक नाले के पास फेंक दिया गया था।
इस सनसनीखेज मामले में सुप्रीम कोर्ट पहले ही दर्शन की जमानत रद्द कर उसे तुरंत गिरफ्तार करने का आदेश दे चुका है। साथ ही, अदालत ने यह भी स्पष्ट किया था कि जेल में उसे कोई वीआईपी सुविधा नहीं दी जाएगी। मामले की सुनवाई फिलहाल बेंगलुरु की सेशन कोर्ट में चल रही है।
इनपुट: IANS



