शिवकाशी: अवैध पटाखा गोदाम में धमाका, तीन की मौत, सुरक्षा नियमों पर फिर उठे सवाल
तमिलनाडु के विरुधुनगर जिले में एक बार फिर पटाखा उद्योग से जुड़ा एक बड़ा हादसा सामने आया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार को शिवकाशी के पास सेंगामलपट्टी गांव में एक अवैध पटाखा…
तमिलनाडु के विरुधुनगर जिले में एक बार फिर पटाखा उद्योग से जुड़ा एक बड़ा हादसा सामने आया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार को शिवकाशी के पास सेंगामलपट्टी गांव में एक अवैध पटाखा गोदाम और निर्माण इकाई में हुए भीषण विस्फोट में तीन लोगों की जान चली गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। इस घटना ने देश की 'पटाखा राजधानी' कहे जाने वाले शिवकाशी में सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं।
यह हादसा इतना भीषण था कि तेज धमाके से पूरी इमारत बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और आसपास के इलाके में दहशत फैल गई। विस्फोट के बाद लगी आग और लगातार हो रहे धमाकों से आसमान में काले धुएं का गुबार छा गया, जिससे स्थानीय लोगों में अफरा-तफरी मच गई।
राहत और बचाव कार्य
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और अग्निशमन एवं बचाव विभाग की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। बचाव अभियान के दौरान मलबे से शव निकाले गए। शुरुआत में दो मौतों की पुष्टि हुई थी, लेकिन बाद में एक और शव मिलने से मृतकों की संख्या बढ़कर तीन हो गई। अधिकारियों ने बताया कि सभी घायलों को शिवकाशी के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ कुछ की हालत गंभीर बनी हुई है।
जांच और पिछली घटनाएं
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि यह गोदाम और निर्माण इकाई बिना किसी वैध लाइसेंस या अनुमति के संचालित हो रही थी। अधिकारी अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि विस्फोट का सटीक कारण क्या था और क्या इसमें विस्फोटक सामग्री के गलत भंडारण या सुरक्षा नियमों के उल्लंघन जैसी कोई लापरवाही शामिल थी।
यह विडंबना है कि यह हादसा राज्य की उद्योग मंत्री एस. कीर्तना द्वारा पटाखा निर्माताओं के साथ उद्योग को बेहतर बनाने पर चर्चा के कुछ ही दिनों बाद हुआ है। शिवकाशी में इस तरह के घातक हादसे पहले भी होते रहे हैं, जिनमें अक्सर अवैध भंडारण, कार्यस्थलों पर भीड़ और सुरक्षा दिशानिर्देशों की अनदेखी जैसी वजहें सामने आती रही हैं।
इनपुट: IANS



