नेपाल में बाढ़: भारत ने 149 नागरिकों को बचाया, राहत सामग्री की चौथी खेप भी पहुँची
नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद चलाए जा रहे बचाव अभियान में अब तक 149 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। भारत के विदेश मंत्रालय ने रविवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि सभी बचाए गए…
नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद चलाए जा रहे बचाव अभियान में अब तक 149 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। भारत के विदेश मंत्रालय ने रविवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि सभी बचाए गए नागरिकों की सूची सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर शाम 5:30 बजे तक जारी कर दी गई।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, भारत अपने पड़ोसी देश को इस आपदा से निपटने में लगातार मदद पहुँचा रहा है। इसी क्रम में 11 टन राहत सामग्री लेकर चौथी भारतीय उड़ान नेपाल पहुँची और सामग्री स्थानीय अधिकारियों को सौंप दी गई।
राहत और पुनर्निर्माण में सहयोग
भारत की ओर से भेजी गई इस खेप में खोज और बचाव अभियान के लिए उपकरणों से लैस एक टनल टेक्निकल टीम, डीएनए विश्लेषण के लिए फॉरेंसिक विशेषज्ञों का एक दल, और कंबल, स्लीपिंग बैग, तिरपाल, प्लास्टिक शीट व हाइजीन किट जैसी ज़रूरी वस्तुएँ शामिल हैं। विदेश मंत्रालय ने अपनी पोस्ट में कहा कि भारत "नेपाल के साथ खड़ा है।"
इससे पहले, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने शनिवार को बताया था कि 230 फीट लंबे सिंगल-लेन मॉड्यूलर स्टील ब्रिज के लिए उपकरण लेकर 16 ट्रक नेपाल पहुँच चुके हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि सात और बेली ब्रिज स्थापित करने के लिए जल्द ही उपकरण भेजे जाएँगे, जिनके इंस्टॉलेशन के लिए तकनीकी टीमों के भी शीघ्र पहुँचने की उम्मीद है। अब तक काठमांडू में कुल 68.5 टन राहत सामग्री भेजी जा चुकी है, जिसमें दवाएँ, पोर्टेबल जेनरेटर, खाने के पैकेट और पानी साफ करने वाली गोलियाँ शामिल हैं।
विशेषज्ञ टीमों की तैनाती
इस बीच, नेपाल में भारतीय राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने रविवार को वहाँ तैनात भारतीय फॉरेंसिक टीम के सदस्यों से मुलाकात की। यह टीम बाढ़ पीड़ितों के शवों की पहचान के लिए डीएनए सैंपल की जाँच में नेपाली विशेषज्ञों की मदद कर रही है। राजदूत श्रीवास्तव ने दोहराया कि भारत नेपाल में चल रहे बचाव और राहत कार्यों में अपना पूरा सहयोग जारी रखेगा।
इनपुट: IANS



