शनि देव से क्यों डरते हैं लोग और क्या डरना सही है ?
शनि देव भगवान सूर्य देव के पुत्र हैं. आमतौर पर देखा जाता है कि लोग शनिदेव के नाम से डरते हैं. कभी राशि में शनि आ जाता है, तो लोगों को डर लगने लगता है.
शनि देव भगवान सूर्य देव के पुत्र हैं. आमतौर पर देखा जाता है कि लोग शनिदेव के नाम से डरते हैं. कभी राशि में शनि आ जाता है, तो लोगों को डर लगने लगता है. कभी कभी मन में ये सवाल भी आता है कि शनि की साढ़े साती लगती है, तो लोगों को इतने कष्ट क्यों भोगने पड़ते हैं. इसी कारण कुछ लोग शनि देव के नाम से डरते भी हैं.

लेकिन आपको बता दें कि शनि देव हमेशा अपने भक्तों का साथ देते हैं. शनि देव को न्याय का देवता माना जाता है. शनि देव अच्छा व्यक्ति का हमेशा साथ देते हैं तथा बुरे व्यक्ति के साथ बुरा करते हैं. शनिदेव का प्रभाव व्यक्ति पर उसके कर्मो के अनुसार पड़ता है. यदि अच्छे कर्म हो तो अच्छा फल मिलता है. बुरे कर्म हो तो उसी के हिसाब से बुरा फल मिलता है. इसलिए शनिदेव को कर्म का फल देने वाले देवता के रूप में भी जाना जाता है.

शनि भगवान जीवन में कठिन परिश्रम, अनुशासन में रहने वाले लोगों की जीवन में आने वाली बाधाओं के समय मद्द करते हैं. जिससे उनमें उन बाधाओं से लड़ने की ताकत आ सके. इसलिए भगवान शनि देव से डरना सही नहीं है क्योंकि अच्छे कर्म करने वालों का शनि देव हमेशा साथ देते हैं. शनि देव से सिर्फ बुरे कर्म करने वाले लोगों को ही डरने की जरूरत होती है.
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शनि भगवान को प्रसन्न करना बहुत आसान होता है. हिंदू धर्म की मान्यता के अनुसार शनि देव के लिए शनिवार का दिन निर्धारित किया गया है. इस दिन शनि देव की पूजा की जाती है. इसके साथ ही शनि देव की मूर्ति पर तेल चढाया जाता है. जिससे शनि देव जल्दी प्रसन्न होते हैं तथा अपने भक्तों का साथ देते हैं.



