स्वतंत्रता दिवस पर कांग्रेस मुख्यालय में 'वंदे मातरम्' को लेकर विवाद, भाजपा ने वीडियो जारी कर माफी की मांग की
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कांग्रेस के मुख्यालय में राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम्' के गायन को लेकर एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने एक वीडियो जारी कर आरोप लगाया है कि…
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कांग्रेस के मुख्यालय में राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम्' के गायन को लेकर एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने एक वीडियो जारी कर आरोप लगाया है कि कांग्रेस नेताओं ने कथित तौर पर 'वंदे मातरम्' को बीच में रोकने का प्रयास किया। भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें सोनिया गांधी और राहुल गांधी बातचीत करते हुए दिखाई दे रहे हैं।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, भाजपा का दावा है कि वीडियो में कांग्रेस के दोनों शीर्ष नेता राष्ट्रगीत को रोकने की कोशिश कर रहे हैं। वीडियो में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी मौजूद हैं। सांसद निशिकांत दुबे ने वीडियो के साथ लिखा, "आज राष्ट्रगीत वंदे मातरम् के कांग्रेस मुख्यालय पर हुए अपमान पर यह है सोनिया गांधी व राहुल गांधी के बीच हुए बातचीत का अंश। निर्णय देश करे, मेरा मुंह बंद रखना ही उचित है।"
भाजपा का राष्ट्र के अपमान का आरोप
भाजपा ने इस घटना को 'राष्ट्र का अपमान' बताते हुए कांग्रेस से माफी की मांग की है। दिल्ली भाजपा अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने इस कथित प्रयास की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने कहा, "मैं इसकी कड़े शब्दों में निंदा करता हूं।" मल्होत्रा के अनुसार, यह घटना संसद द्वारा निर्धारित नियमों का भी उल्लंघन है। उन्होंने आगे कहा, "हम (भाजपा) मांग करते हैं कि कांग्रेस तुरंत राष्ट्र से माफी मांगे। गांधी परिवार को भी स्पष्ट करना चाहिए कि उन्हें 'वंदे मातरम्' से समस्या है या 'भारत माता' से।"
भाजपा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर भी वीडियो साझा करते हुए कहा कि सोनिया गांधी गीत की कुछ पंक्तियों के बाद ही असहज हो गईं और उन्होंने इसे रोकने का संकेत दिया। पार्टी ने यह भी कहा कि राहुल गांधी भी गायन के दौरान परेशान दिखे। भाजपा ने सवाल उठाया, "यही तो कांग्रेस की पुरानी दुविधा है, गांधी परिवार को भारत की सांस्कृतिक चेतना, सभ्यतागत विरासत और राष्ट्रभाव के साथ आखिर इतनी असहजता क्यों?"
'तुष्टीकरण की राजनीति' पर निशाना
हर्ष मल्होत्रा ने कांग्रेस पर तुष्टीकरण की राजनीति का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वह न तो राष्ट्र का सम्मान करती है और न ही देश की संस्कृति से प्रेम करती है। उन्होंने कहा, "गांधी परिवार और कांग्रेस नेतृत्व ने... न ही उन शहीदों के प्रति कोई आदर रखते हैं जिन्होंने 'वंदे मातरम्' का नारा लगाते हुए फांसी के फंदे को चूमा।"
उन्होंने यह भी याद दिलाया कि संसद ने 1950 में 'वंदे मातरम्' को राष्ट्रगीत का दर्जा दिया था और इसका अपमान करना संविधान और लोकतांत्रिक संस्थाओं का अपमान है। मल्होत्रा ने कहा, "कांग्रेस तुष्टीकरण की राजनीति में इतनी नीच हरकत पर उतर आई है कि अब उसे देशभक्ति गीत से भी डर लगने लगा है।" उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक कांग्रेस देशभक्ति को कलंक समझती रहेगी, देश उसे माफ नहीं करेगा।
इनपुट: IANS



