मुंबई में 10 करोड़ की चरस: मुख्य सप्लायर बिहार से गिरफ्तार, नेपाल भागने की थी फिराक में
मुंबई में 10 करोड़ रुपये की चरस की बरामदगी के मामले में पुलिस ने मुख्य सप्लायर को बिहार से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान उस शख्स के तौर पर हुई है जिसने बांद्रा टर्मिनस के पास पकड़े गए व्यक्ति…
मुंबई में 10 करोड़ रुपये की चरस की बरामदगी के मामले में पुलिस ने मुख्य सप्लायर को बिहार से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान उस शख्स के तौर पर हुई है जिसने बांद्रा टर्मिनस के पास पकड़े गए व्यक्ति को ड्रग्स की खेप सप्लाई की थी। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए नेपाल भागने की तैयारी कर रहा था।
यह मामला 17 अगस्त को सामने आया था, जब मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी-नारकोटिक्स सेल (ANC) की वर्ली यूनिट ने बांद्रा टर्मिनस के पास एक व्यक्ति को पकड़ा था। उसके कब्जे से 10 किलो से ज्यादा चरस बरामद हुई थी, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 10 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई। इस संबंध में निर्मल नगर पुलिस स्टेशन में केस दर्ज किया गया था।
बिहार में पुलिस की दबिश
शुरुआती गिरफ्तारी के बाद आरोपी से हुई पूछताछ में मुख्य सप्लायर का सुराग मिला। इसी जानकारी के आधार पर ANC की वर्ली यूनिट की एक टीम को बिहार भेजा गया। टीम 23 अगस्त को रक्सौल जिले पहुंची और स्थानीय पुलिस की मदद से तलाशी अभियान शुरू किया।
मुंबई पुलिस ने बताया कि सप्लायर को पूर्वी चंपारण से सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया गया, जब वह देश छोड़कर भागने की कोशिश में था।
मुंबई में नशे का बढ़ता नेटवर्क
यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब मुंबई में नशीले पदार्थों की बड़ी खेप पकड़ी जा रही है। पिछले हफ्ते ही न्हावा शेवा बंदरगाह के पास एक कंटेनर फ्रेट स्टेशन से 300 करोड़ रुपये का 55 किलोग्राम मेथाम्फेटामाइन जब्त किया गया था।
इस मामले में ISI से जुड़े तस्कर हुसैन दाद का नाम सामने आया है, जिसका भारत के ड्रग्स बाजार पर दबदबा माना जाता है। अफगानिस्तान के कंधार का मूल निवासी हुसैन दाद का अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स बाजार से पुराना नाता रहा है और उस पर ड्रग्स से होने वाली कमाई का इस्तेमाल आतंकी गतिविधियों में करने के आरोप हैं।
इनपुट: IANS



