मध्य प्रदेश: इंदौर, उज्जैन और रीवा में शहरी विकास के लिए ₹1370 करोड़ से ज़्यादा के समझौते
मध्य प्रदेश के शहरों में सुविधाओं का विस्तार करने और विकास कार्यों को तेज़ करने के लिए कई महत्वपूर्ण वित्तीय समझौते किए गए हैं। इंदौर में हुए 'अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2026' के दौरान मुख्यमंत्री मोहन…
मध्य प्रदेश के शहरों में सुविधाओं का विस्तार करने और विकास कार्यों को तेज़ करने के लिए कई महत्वपूर्ण वित्तीय समझौते किए गए हैं। इंदौर में हुए 'अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2026' के दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव की मौजूदगी में विभिन्न नगरीय निकायों और बैंकों के बीच अनुबंधों पर हस्ताक्षर हुए। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इन समझौतों का उद्देश्य शहरी विकास, बुनियादी ढांचे और सतत विकास को गति देना है।
बड़े शहरों के लिए अहम वित्तीय अनुबंध
इस कार्यक्रम में सबसे बड़ा समझौता इंदौर नगर निगम और बैंक ऑफ इंडिया के बीच हुआ। इसके तहत इंदौर में जल सप्लाई व्यवस्था को मजबूत करने, सीवरेज नेटवर्क के विस्तार और जलाशयों को पुनर्जीवित करने जैसी परियोजनाओं के लिए 1,320 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण अनुबंध किया गया। यह वित्तीय मदद शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने और नागरिकों को बेहतर जल सुविधाएं देने में अहम भूमिका निभाएगी।
इसी तरह, उज्जैन को एक विश्वस्तरीय आध्यात्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए उज्जैन विकास प्राधिकरण और इंडियन ओवरसीज बैंक के बीच एक महत्वपूर्ण अनुबंध हुआ। वहीं, रीवा नगर निगम और HDFC बैंक के बीच भी शहर की जल आपूर्ति योजना को बेहतर बनाने के लिए 50 करोड़ रुपये की वित्तीय व्यवस्था पर सैद्धांतिक सहमति बनी।
पूरे प्रदेश में सतत शहरी प्रबंधन पर ज़ोर
इन बड़े शहरों के अलावा, प्रदेश के सभी 413 नगरीय निकायों में सतत शहरी प्रबंधन को बढ़ावा देने के लिए भी एक राज्य-स्तरीय समझौता ज्ञापन (MoU) का आदान-प्रदान किया गया। इस पहल के तहत होटल और रेस्टोरेंट के सहयोग से कचरा अलग करने, खाने की बर्बादी कम करने, अतिरिक्त भोजन बांटने, गीले कचरे की वैज्ञानिक प्रोसेसिंग, उपचारित जल के दोबारा उपयोग और वर्षा जल संरक्षण को प्रोत्साहित किया जाएगा।
इसके अतिरिक्त, मध्य प्रदेश के नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने महाराष्ट्र सरकार के 'महाराष्ट्र इंस्टीट्यूशन फॉर ट्रांसफॉर्मेशन' के साथ भी एक समझौता किया। यह कदम नीतिगत सहयोग, नवाचार और शहरी विकास के बेहतर मॉडल अपनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
इनपुट: IANS



