रेप केस दबाने के लिए 5 करोड़ की रिश्वत? आरोपों पर CM मान की पत्नी का जवाब- 'सबूत दो या कार्रवाई के लिए तैयार रहो'
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर मान ने अपने ऊपर लगे उन आरोपों को बेबुनियाद बताया है, जिनमें कहा गया है कि उन्होंने एक रेप केस को दबाने के लिए 5 करोड़ रुपए की रिश्वत मांगी थी…
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर मान ने अपने ऊपर लगे उन आरोपों को बेबुनियाद बताया है, जिनमें कहा गया है कि उन्होंने एक रेप केस को दबाने के लिए 5 करोड़ रुपए की रिश्वत मांगी थी। उन्होंने पटियाला में इन आरोपों पर अपनी चुप्पी तोड़ते हुए चुनौती दी कि आरोप लगाने वाले या तो सबूत पेश करें या फिर कानूनी कार्रवाई का सामना करने के लिए तैयार रहें।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, डॉ. गुरप्रीत कौर मान पटियाला में एक महिला कार्यक्रम में शामिल होने पहुंची थीं। इस दौरान मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, "इल्जाम लगाना बहुत आसान है। बेबुनियाद आरोप लगाना बहुत आसान है। मैं उनका डट कर सामना करूंगी। मैं ऐसे आरोपों से न पहले घबराई थी और न आज घबरा रही हूं।"
विपक्ष का चौतरफा हमला
इस कथित रिश्वत कांड को लेकर पंजाब में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। विपक्ष लगातार मुख्यमंत्री भगवंत मान और उनकी सरकार पर हमलावर है और मामले की सीबीआई जांच के साथ सीएम के इस्तीफे की मांग कर रहा है। अमृतसर में, पंजाब भाजपा के जिलाध्यक्ष सलिल कपूर के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन हुआ, जहाँ मुख्यमंत्री और उनकी पत्नी के पुतले जलाए गए। एक भाजपा महिला कार्यकर्ता ने कहा, "मुख्यमंत्री भगवंत मान की पत्नी ने महिलाओं की इज्जत की कीमत 5 करोड़ रुपए लगाई है।"
वहीं, भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर इसे आम आदमी पार्टी का "महिला विरोधी" चेहरा बताया। शिरोमणि अकाली दल के महासचिव बिक्रम सिंह मजीठिया ने भी मुख्यमंत्री से जवाब मांगा और पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाए।
मामले में मानवाधिकार आयोग का संज्ञान
इस मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने भी संज्ञान लिया है। भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने बताया कि आयोग ने पंजाब के पूर्व जज रंजीत सिंह द्वारा लगाए गए आरोपों पर ध्यान दिया है। इसके तहत आयोग ने पंजाब के मुख्य सचिव और डीजीपी को मामले की जांच कर दो हफ्ते के भीतर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है। आरोपों के केंद्र में पुलिस पर पीड़िता के बजाय आरोपी को बचाने के प्रयास करने का भी जिक्र है।
इनपुट: IANS



