गढ़वा में डेंगू का ख़तरा: एक व्यवसायी की मौत, स्वास्थ्य विभाग ने जारी किया अलर्ट
झारखंड के गढ़वा ज़िले में डेंगू ने दस्तक दे दी है, जिसके चलते एक स्थानीय व्यवसायी की मौत की पुष्टि हुई है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले दस दिनों में डेंगू जैसे लक्षणों वाले कई…
झारखंड के गढ़वा ज़िले में डेंगू ने दस्तक दे दी है, जिसके चलते एक स्थानीय व्यवसायी की मौत की पुष्टि हुई है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले दस दिनों में डेंगू जैसे लक्षणों वाले कई मामले सामने आए हैं, जिनमें से दो की पुष्टि हो चुकी है। इस घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से सतर्क हो गया है और बीमारी के प्रसार को रोकने के लिए ज़रूरी कदम उठा रहा है।
जान गंवाने वाले व्यवसायी का इलाज किसी सरकारी अस्पताल में नहीं हुआ था, लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने यह माना है कि उनकी मौत का कारण डेंगू ही था। वहीं, एक अन्य मरीज़ का सफलतापूर्वक इलाज कर उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। गढ़वा के सिविल सर्जन डॉ. जॉन एफ कैनेडी ने व्यवसायी की मृत्यु पर दुख जताते हुए कहा, "यह बहुत दुख की बात है कि एक व्यक्ति की मौत डेंगू से हुई है। उन्होंने हमारे किसी भी सरकारी अस्पताल में इलाज नहीं कराया, वे सीधे डालटनगंज (अब आधिकारिक रूप से मेदिनीनगर) चले गए थे।"
स्वास्थ्य विभाग की तैयारी और अपील
डेंगू के मामलों को देखते हुए ज़िला प्रशासन ने गढ़वा सदर अस्पताल में 10 बिस्तरों वाला एक विशेष आइसोलेशन वार्ड तैयार किया है। विभाग का कहना है कि वे किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। सिविल सर्जन ने बताया, "हमारे जिले में जो जांच हुई है, उसमें केवल एक-दो जांच ही डेंगू के लिए पॉजिटिव आई हैं।" उन्होंने कहा कि कुछ छिटपुट मामले आए थे, जिन्हें ठीक कर दिया गया है।
डॉ. कैनेडी ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा, "यह समय और मौसम दोनों ही डेंगू का है, इसलिए लोगों को इससे बचने के लिए अपने घरों के आसपास पानी नहीं जमने देना चाहिए और साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देना चाहिए।"
लक्षण दिखने पर क्या करें?
स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों को सलाह दी है कि बुखार या बदन दर्द जैसे लक्षण महसूस होने पर तुरंत अपनी जांच कराएँ। सिविल सर्जन ने आश्वासन दिया, "अगर आपको डेंगू होता है तो सदर अस्पताल जाइए, हम लोग इसको पूरी तरह से नियंत्रित कर सकते हैं, बस समय रहते इलाज कराना होगा।" मुख्य ज़ोर मच्छरों को पनपने से रोकने और लक्षण दिखने पर तत्काल चिकित्सकीय सलाह लेने पर है।
इनपुट: IANS



