दिल्ली: सरिता विहार में बेकाबू डंपर ने 4 लोगों को रौंदा, CCTV लगाने के दौरान हुआ दर्दनाक हादसा
नई दिल्ली के सरिता विहार इलाके में रविवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसे में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, यह हादसा उस वक्त हुआ…
नई दिल्ली के सरिता विहार इलाके में रविवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसे में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, यह हादसा उस वक्त हुआ जब 'सेफ सिटी प्रोजेक्ट' के तहत सड़क किनारे सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम चल रहा था। नोएडा की तरफ से आ रहे एक तेज रफ्तार डंपर ने अनियंत्रित होकर वहां खड़ी एक क्रेन और एक ऑटो-रिक्शा को टक्कर मार दी।
यह घटना सुबह करीब 3:20 बजे हुई। हादसे में जान गंवाने वालों में 23 वर्षीय उमेश, 35 वर्षीय प्रवीण और 34 वर्षीय सूरज शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि सूरज प्रोजेक्ट से जुड़ी कंपनी में एचआर मैनेजर के पद पर कार्यरत थे। इस हादसे में आकाश, अनूप और खेम सिंह नाम के तीन व्यक्ति घायल हुए हैं, जिनका इलाज चल रहा है। वहीं, सुधीर नाम का एक शख्स बाल-बाल बच गया।
ड्राइवर को रोकने की कोशिश हुई नाकाम
हादसे के प्रत्यक्षदर्शियों और मृतकों के परिजनों ने बताया कि डंपर का ड्राइवर शायद नींद में था। मृतक उमेश के पिता रामदास ने एजेंसी को बताया, "दो लोग ऊपर और दो लोग नीचे कैमरे का काम कर रहे थे। इन लोगों ने डंपर के ड्राइवर को इशारा करके रोकने की कोशिश की, लेकिन उसने रोकी नहीं। सभी लोग डंपर की जद में आ गए और घसीटते हुए चले गए।" उन्होंने दुख जताते हुए कहा कि उनका बेटा उमेश डंपर के दोनों पहियों के बीच में आ गया था।
मृतक उमेश के भाई रतन सिंह ने बताया कि उनका भाई ट्रैफिक पुलिस के लिए कैमरे लगा रहा था। उन्होंने कहा, "तेज गति से आ रहे ट्रक ने बगल में खड़ी ऑटो समेत चार-पांच लोगों को टक्कर मार दी। एक-दो लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया था और बाकी दो-तीन लोग हॉस्पिटल में खत्म हो गए।" रतन सिंह ने बताया कि उमेश के दो बच्चे हैं और वह संगम विहार में किराए पर रहते थे। उन्होंने ट्रक ड्राइवर के लिए सख्त सजा की मांग की है।
फरार ड्राइवर की तलाश जारी
हादसे को अंजाम देने के बाद डंपर का ड्राइवर मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है और मामले की आगे की जांच कर रही है ताकि घटना के सही कारणों का पता लगाया जा सके।
इनपुट: IANS



