सुवेंदु अधिकारी का ममता बनर्जी पर बड़ा आरोप, कहा – नंदीग्राम से हार का बदला ले रही हैं मुख्यमंत्री
पश्चिम बंगाल की चर्चित नंदीग्राम सीट एक बार फिर राजनीतिक बयानबाज़ी के केंद्र में है। विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि 2021 विधानसभा चुनाव…
पश्चिम बंगाल की चर्चित नंदीग्राम सीट एक बार फिर राजनीतिक बयानबाज़ी के केंद्र में है। विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि 2021 विधानसभा चुनाव में मिली हार के बाद से वह बदले की भावना से काम कर रही हैं और जानबूझकर नंदीग्राम को विकास से वंचित रख रही हैं।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, सुवेंदु अधिकारी ने सोमवार को यह दावा किया कि 2021 में उनकी जीत से नाराज़ ममता बनर्जी ने नंदीग्राम की उपेक्षा की। गौरतलब है कि 2021 के चुनाव में अधिकारी ने नंदीग्राम सीट पर ममता बनर्जी को लगभग 2,000 वोटों के अंतर से हराया था। हालांकि, बाद में ममता बनर्जी ने दक्षिण कोलकाता की भवानीपुर सीट से उपचुनाव जीतकर मुख्यमंत्री का पद बरकरार रखा था।
विकास कार्यों में अनदेखी का आरोप
अधिकारी ने कुछ конкре उदाहरण देते हुए अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, "पिछले पांच वर्षों (2021 से 2026) में नंदीग्राम के लोगों को विकास कार्यों से दूर रखा गया।" उन्होंने दावा किया कि नंदीग्राम में रेलवे स्टेशन की लंबे समय से चली आ रही मांग को भी पिछली सरकार ने पूरा नहीं किया, जिसके लिए सिर्फ छह एकड़ जमीन की जरूरत थी। अधिकारी ने दावा किया, "मुख्यमंत्री बनने के बाद मैंने रेलवे स्टेशन के लिए 3.5 एकड़ जमीन आवंटित कर भारतीय रेलवे को सौंप दी है। बाकी जमीन भी जल्द दी जाएगी।"
नौकरी और उपचुनाव पर भी बोले अधिकारी
सुवेंदु अधिकारी ने यह भी आरोप लगाया कि वाम मोर्चा शासन के दौरान शहीद हुए नौ लोगों के परिवारों को भी तृणमूल कांग्रेस सरकार ने सरकारी नौकरी नहीं दी, क्योंकि ममता बनर्जी अपनी हार से नाराज़ थीं। उन्होंने कहा कि इस साल विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा सरकार बनने पर उन सभी नौ परिवारों के एक-एक सदस्य को नौकरी दी गई। इसके साथ ही, अधिकारी ने विश्वास जताया कि नंदीग्राम में होने वाले उपचुनाव में जनता भाजपा उम्मीदवार को भारी बहुमत से जिताएगी।
आपको बता दें कि हाल में हुए विधानसभा चुनावों में सुवेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम और भवानीपुर, दोनों सीटों पर जीत हासिल की थी, जहाँ भवानीपुर में उन्होंने ममता बनर्जी को दूसरी बार हराया। बाद में उन्होंने भवानीपुर सीट अपने पास रखी, जिसके चलते नंदीग्राम सीट पर उपचुनाव की आवश्यकता पड़ी है।
इनपुट: IANS



