तेलंगाना: अमेरिका दौरे की इजाज़त नहीं मिलने पर भड़के सीएम रेवंत रेड्डी, केंद्र पर लगाया भेदभाव का आरोप
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने अपनी अमेरिका यात्रा को केंद्र सरकार द्वारा अनुमति न दिए जाने पर कड़ी नाराज़गी ज़ाहिर की है। सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने इसे 'तेलंगाना के 4 करोड़…
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने अपनी अमेरिका यात्रा को केंद्र सरकार द्वारा अनुमति न दिए जाने पर कड़ी नाराज़गी ज़ाहिर की है। सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने इसे 'तेलंगाना के 4 करोड़ लोगों का अपमान' बताते हुए केंद्र की मोदी सरकार पर 'राजनीतिक भेदभाव' करने का आरोप लगाया।
समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, मुख्यमंत्री रेड्डी ने कहा कि इस फ़ैसले से संघवाद की भावना को ठेस पहुँची है और यह एक 'तानाशाही' भरा कदम है। हाल ही में यूनाइटेड किंगडम (UK) के दौरे से लौटे मुख्यमंत्री को 23 अगस्त से अमेरिका की एक सप्ताह की यात्रा पर जाना था, लेकिन विदेश मंत्रालय ने इसकी मंज़ूरी नहीं दी।
यात्रा का उद्देश्य और अनुमति से इनकार
मुख्यमंत्री ने बताया कि उनकी UK और अमेरिका यात्राओं का मकसद एक ही था — तेलंगाना में निवेश आकर्षित करना और राज्य को शिक्षा व खेल के एक बड़े केंद्र के रूप में विकसित करना। उन्होंने कहा, "दोनों देशों की उनकी यात्रा का मकसद दुनिया की बेहतरीन यूनिवर्सिटीज और स्पोर्ट्स अकादमियों के साथ सहयोग करना, निवेश के लिए लोगों को बुलाना और निवेशकों और रणनीतिक साझेदारों के साथ बैठकें करना था।"
रेड्डी के अनुसार, विदेश मंत्रालय के संदेश में साफ़ कहा गया था कि 'राजनीतिक नज़रिए से मंज़ूरी नहीं दी गई है।' उन्होंने इसकी व्याख्या करते हुए कहा, "राजनीतिक पहलू यह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाजपा से हैं और गुजरात से आते हैं, जबकि मैं कांग्रेस पार्टी से हूं और तेलंगाना से हूं।"
गुजरात से तुलना और भेदभाव का आरोप
रेवंत रेड्डी ने आरोप लगाया कि उन्हें इसलिए रोका गया क्योंकि उसी दौरान गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल 'वाइब्रेंट गुजरात 2047' के लिए निवेशकों को आकर्षित करने अमेरिका गए हुए थे। उन्होंने कहा, "गुजरात के मुख्यमंत्री को 17 से 24 अगस्त तक यूएस और कनाडा की यात्रा करने की मंजूरी दी गई थी... लेकिन, जब मैंने 'तेलंगाना राइजिंग 2047' पहल के तहत यूएस जाने की कोशिश की, तो मुझे रोक दिया गया।"
मुख्यमंत्री रेड्डी ने यह भी कहा कि उनकी सरकार का लक्ष्य 'तेलंगाना राइजिंग-2047' को सफल बनाना है, जो केंद्र के 'विकसित भारत' विजन के अनुरूप है। उनका प्रतिनिधिमंडल दिसंबर में हैदराबाद में होने वाले 'तेलंगाना राइजिंग ग्लोबल समिट 2.0' के लिए निवेशकों को आमंत्रित करने वाला था। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री 'सिर्फ गुजरात का विकास देखना चाहते हैं' और उन्हें डर है कि इस दौरे से तेलंगाना में और निवेश आ सकता था।
इनपुट: IANS



