भारत और रूस न्यायिक सहयोग करेंगे मजबूत, वैश्विक मंचों पर बढ़ाएँगे आपसी समन्वय
भारत और रूस ने अपने न्यायिक संबंधों को और गहरा करने तथा अंतरराष्ट्रीय मंचों पर आपसी तालमेल को बेहतर बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। नई दिल्ली में ब्रिक्स देशों के मुख्य न्यायाधीशों के फोरम के…
भारत और रूस ने अपने न्यायिक संबंधों को और गहरा करने तथा अंतरराष्ट्रीय मंचों पर आपसी तालमेल को बेहतर बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। नई दिल्ली में ब्रिक्स देशों के मुख्य न्यायाधीशों के फोरम के दौरान हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में यह सहमति बनी। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस दौरान दोनों देशों के बीच पूर्व में हुए समझौतों को आगे बढ़ाने के कदमों पर भी चर्चा हुई।
यह अहम मुलाकात भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत और रूस के मुख्य न्यायाधीश इगोर क्रास्नोव के बीच शुक्रवार को हुई। क्रास्नोव इस फोरम में हिस्सा लेने के लिए नई दिल्ली आए हुए हैं। हवाई अड्डे पर भारत में रूस के राजदूत डेनिस अलीपोव और अन्य अधिकारियों ने उनका स्वागत किया था।
सहयोग का नया कार्यक्रम
बैठक में दोनों पक्षों ने पहले से मौजूद समझौता ज्ञापन (एमओयू) की सराहना की। इसी कड़ी में रूसी पक्ष ने अगले दो वर्षों के लिए न्यायिक सहयोग के एक कार्यक्रम का मसौदा तैयार कर भारत को सौंपा है, जिसमें कई पारस्परिक रूप से लाभकारी पहलें शामिल हैं।
भारत में रूसी दूतावास द्वारा टेलीग्राम पर जारी एक बयान में कहा गया, "4 सितंबर को दोनों देशों के सर्वोच्च न्यायिक संस्थानों के प्रमुखों की बैठक हुई। इसमें अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रयासों के समन्वय और पहले किए गए समझौतों को मजबूत करने की दिशा में निरंतर काम जारी रखने पर सहमति बनी।"
रणनीतिक साझेदारी और व्यक्तिगत संबंध
रूस के मुख्य न्यायाधीश क्रास्नोव ने इस अवसर पर कहा कि भारत और रूस के बीच सहयोग 'विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी' के सिद्धांतों पर आधारित है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि इस सहयोग को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच "गर्मजोशी भरे व्यक्तिगत और मैत्रीपूर्ण संबंधों" से भी मजबूती मिलती है। अपनी यात्रा के दौरान क्रास्नोव ब्रिक्स देशों के अन्य न्यायिक प्रमुखों से भी द्विपक्षीय मुलाकातें करेंगे।
ब्रिक्स चीफ जस्टिस फोरम
भारत का सुप्रीम कोर्ट 4 से 6 सितंबर तक नई दिल्ली में ब्रिक्स चीफ जस्टिस फोरम की मेजबानी कर रहा है। इस सम्मेलन में ब्रिक्स सदस्य देशों और साझेदार देशों के मुख्य न्यायाधीश व वरिष्ठ न्यायिक अधिकारी हिस्सा ले रहे हैं। फोरम में न्याय वितरण, अंतरराष्ट्रीय विवाद समाधान, सतत विकास और न्याय प्रणाली में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के उपयोग जैसे समकालीन मुद्दों पर विचार-विमर्श हो रहा है।
इनपुट: IANS



