उज़्बेकिस्तान के राष्ट्रपति ने प्रोटोकॉल से अलग जाकर एयरपोर्ट पर किया पीएम मोदी का स्वागत, द्विपक्षीय संबंधों पर होगी अहम वार्ता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मध्य एशियाई देश उज़्बेकिस्तान की दो दिवसीय राजकीय यात्रा पर शनिवार शाम ताशकंद पहुँचे। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, दोनों देशों के बीच पिछले 12 वर्षों में बढ़ी दोस्ती का एक…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मध्य एशियाई देश उज़्बेकिस्तान की दो दिवसीय राजकीय यात्रा पर शनिवार शाम ताशकंद पहुँचे। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, दोनों देशों के बीच पिछले 12 वर्षों में बढ़ी दोस्ती का एक विशिष्ट उदाहरण पेश करते हुए राष्ट्रपति शवकत मिर्जियोयेव ने खुद हवाई अड्डे पर उनकी अगवानी की।
यह प्रधानमंत्री मोदी की उज़्बेकिस्तान की चौथी यात्रा है। इससे पहले वे 2015 में और फिर 2016 तथा 2022 में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए यहाँ आए थे। वहीं, उज़्बेकिस्तान के राष्ट्रपति ने भी 2018 में भारत की राजकीय यात्रा की थी और 2019 में वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट में हिस्सा लिया था।
साझा विकास और रणनीतिक साझेदारी पर जोर
इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मिर्जियोयेव के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता होगी। चर्चा का मुख्य केंद्र 'विकसित भारत 2047' और 'उज़्बेकिस्तान-2030' के साझा विकास लक्ष्यों को आगे बढ़ाना होगा। अपनी यात्रा से पहले जारी एक वक्तव्य में पीएम मोदी ने कहा, "हाल के वर्षों में भारत-उज़्बेकिस्तान रणनीतिक साझेदारी में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। मैं व्यापार और निवेश, डिजिटल कनेक्टिविटी, रक्षा और ऊर्जा में हमारे सहयोग को और गहरा करने पर राष्ट्रपति मिर्जियोयेव के साथ अपनी चर्चा को लेकर उत्सुक हूं।"
सांस्कृतिक संबंधों का सम्मान
प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि वह ताशकंद स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ ओरिएंटल स्टडीज में शास्त्री मेमोरियल और महात्मा गांधी सेंटर भी जाएँगे। उन्होंने इसे 'भारत और उज़्बेकिस्तान को जोड़ने वाले घनिष्ठ सांस्कृतिक और लोगों के बीच संबंधों को सम्मान' देना बताया। ताशकंद में स्थानीय लोग पीएम मोदी के स्वागत को लेकर काफी उत्साहित थे और उन्होंने उम्मीद जताई कि इस यात्रा से दोनों देशों के मैत्रीपूर्ण संबंध और मजबूत होंगे।
अपनी उज़्बेकिस्तान यात्रा के बाद प्रधानमंत्री मोदी किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सादिर जापारोव के निमंत्रण पर बिश्केक के लिए रवाना होंगे। वहाँ वे संगठन के 25 साल पूरे होने के अवसर पर 26वें SCO शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे।
इनपुट: IANS



