पीएम मोदी की दो बड़ी घोषणाएं: महिला आरक्षण और मुफ्त कोचिंग पर वडोदरा में मिली-जुली प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले से दो महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं, जिनका गुजरात के वडोदरा में महिलाओं और छात्रों ने स्वागत किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले से दो महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं, जिनका गुजरात के वडोदरा में महिलाओं और छात्रों ने स्वागत किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, इन घोषणाओं में प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग और 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' को लागू करने के लिए राजनीतिक दलों से एकजुटता की अपील शामिल है।
पीएम मोदी ने अपने संबोधन में लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने की प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए सभी राजनीतिक दलों से सहयोग का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि विधायी निकायों में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी उन्हें देश की नीतियां बनाने में एक बड़ी भूमिका निभाने का अवसर देगी।
महिला आरक्षण पर राजनीतिक एकजुटता की अपील
वडोदरा में इस अपील पर सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिली। वडोदरा नगर निगम की स्थायी समिति की अध्यक्ष वर्षा व्यास ने प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा, "मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद और अभिनंदन करती हूं कि उन्होंने आज लाल किले से इस विषय पर बात की।" उन्होंने देश के विकास में महिलाओं के ऐतिहासिक योगदान को याद करते हुए कहा, "1857 की क्रांति से लेकर रानी लक्ष्मीबाई तक का इतिहास देखें तो महिलाओं ने देश के विकास, स्वतंत्रता और समाज के लिए हमेशा मजबूती से योगदान दिया है।"
इसी तरह, अधिवक्ता कोमल कुकरेजा और शीतल उपाध्याय ने भी इस कदम का समर्थन किया। कुकरेजा ने कहा कि पंचायत से लेकर संसद तक महिलाओं की 50 प्रतिशत भागीदारी सुनिश्चित करने के प्रयासों में कोई बाधा नहीं आनी चाहिए। वहीं, शीतल उपाध्याय ने सभी राजनीतिक दलों से अपने मतभेदों को भुलाकर एकजुट होने का आग्रह किया। गौरतलब है कि संसद ने यह कानून 2023 में पारित कर दिया था, लेकिन इसका क्रियान्वयन जनगणना और परिसीमन प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होना है।
छात्रों के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग की सौगात
प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में छात्रों और युवाओं के लिए भी एक अहम घोषणा की। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग की सुविधा दी जाएगी, ताकि गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों पर पड़ने वाला आर्थिक बोझ कम हो सके। इस पहल से छात्र बड़े शहरों में जाए बिना और महंगी कोचिंग का खर्च उठाए बिना तैयारी कर सकेंगे।
वडोदरा के छात्रों और अभिभावकों ने इस घोषणा का भी स्वागत किया। अधिवक्ता शलव मजमुदार ने इसे एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए कहा, "यह प्रधानमंत्री द्वारा की गई एक महत्वपूर्ण पहल है। वह समझते हैं कि कई परिवारों के लिए शिक्षा ही अपने सपनों को पूरा करने का सबसे बड़ा माध्यम है।" उन्होंने आगे कहा कि यह घोषणा उन छात्रों के लिए बहुत लाभकारी होगी, जिन्हें अच्छी कोचिंग सुविधाएं नहीं मिल पातीं। प्रधानमंत्री ने इसके साथ ही एक करोड़ युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का प्रशिक्षण देने की योजना का भी जिक्र किया।
इनपुट: IANS



