भारत में निवेश के लिए वैश्विक दिग्गजों को निर्मला सीतारमण का न्योता, डिजिटल इंफ्रा और GIFT सिटी पर ज़ोर
भारत की तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में निवेश के अवसरों को सामने रखते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने न्यूयॉर्क में कई वैश्विक कंपनियों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (CEO) से मुलाकात की। समाचार…
भारत की तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में निवेश के अवसरों को सामने रखते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने न्यूयॉर्क में कई वैश्विक कंपनियों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (CEO) से मुलाकात की। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य दुनिया की बड़ी कंपनियों को भारत की विकास यात्रा में भागीदार बनने के लिए आमंत्रित करना था।
वित्त मंत्री ने भारत को निवेश के लिए एक आकर्षक स्थल के रूप में प्रस्तुत किया, जहाँ एक बड़ा घरेलू बाज़ार, कुशल प्रतिभा, तेज़ी से फैलता बुनियादी ढाँचा और लगातार सुधारों वाला कारोबारी माहौल मौजूद है। उन्होंने विशेष रूप से डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और गुजरात की गिफ्ट सिटी (GIFT City) में मौजूद अवसरों पर ज़ोर दिया।
डिजिटल और वित्तीय सेवाओं पर केंद्रित चर्चा
टिलमैन होल्डिंग्स के चेयरमैन और सीईओ संजीव आहूजा के साथ अपनी बैठक में, सीतारमण ने बताया कि सरकार की नीतियाँ, विशेषकर हालिया बजट घोषणाएँ, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश को प्रोत्साहित करती हैं। उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्लाउड कंप्यूटिंग और डिजिटल सेवाओं जैसे क्षेत्रों में हो रही तेज़ वृद्धि का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों में डेटा सेंटर और हाई-कैपेसिटी नेटवर्क की बढ़ती माँग टिलमैन जैसी कंपनियों के लिए भारत में बड़े अवसर पैदा करती है।
इसी तरह, बीएनवाई मेलन के ग्रुप सीओओ एलेजांद्रो पेरेज़ के साथ हुई चर्चा में भारत के मज़बूत विकास पथ और वैश्विक वित्तीय संस्थानों के लिए निवेश की संभावनाओं पर बात हुई। पेरेज़ ने कहा कि बीएनवाई मेलन के लिए भारत अब सिर्फ़ एक डिलीवरी सेंटर नहीं, बल्कि इनोवेशन और टेक्नोलॉजी के लिए एक रणनीतिक वैश्विक केंद्र के रूप में उभर रहा है। उन्होंने वित्त मंत्री को बताया कि उनकी कंपनी भारत के प्रमुख संस्थानों, जैसे आईआईटी, के साथ मिलकर प्रतिभाओं को विकसित कर रही है।
कंपनियों ने दिखाया उत्साह, सुधारों की सराहना की
वैश्विक प्रोफेशनल-सर्विसेज कंपनी मार्श री (Marsh Re) के सीईओ डीन क्लिसुरा ने भारत सरकार के सुधार-केंद्रित दृष्टिकोण की सराहना की। उन्होंने कहा कि उनकी कंपनी भारत में अपनी उपस्थिति का और विस्तार करने की योजना बना रही है। उनकी टीम ने बताया कि भारत एक समान अवसर वाला बाज़ार प्रदान करता है और यहाँ एक अच्छा नियामक (IRDAI) मौजूद है। मार्श री ने यह भी स्पष्ट किया कि उसने गिफ्ट सिटी पर अपना ध्यान केंद्रित किया है और वहाँ अपनी भागीदारी बढ़ा रही है।
वित्त मंत्री ने बीएनवाई मेलन की टीम को भी गिफ्ट-आईएफएससी का दौरा करने और वहाँ उपलब्ध व्यापक अवसरों का पता लगाने के लिए आमंत्रित किया। इन बैठकों में भारत के बढ़ते वित्तीय इकोसिस्टम और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (GCC) से पैदा होने वाले अवसरों पर भी चर्चा हुई।
इनपुट: IANS



