असम में बाढ़ का कहर जारी, 15 जिलों में 1.68 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित
असम में बाढ़ की स्थिति गुरुवार को भी गंभीर बनी हुई है, जिससे राज्य के 15 जिलों में 1.68 लाख से अधिक लोगों का जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, गोलाघाट जिला सबसे…
असम में बाढ़ की स्थिति गुरुवार को भी गंभीर बनी हुई है, जिससे राज्य के 15 जिलों में 1.68 लाख से अधिक लोगों का जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, गोलाघाट जिला सबसे अधिक प्रभावित हुआ है, जहाँ 54,085 लोग बाढ़ की चपेट में हैं। इसके बाद शिवसागर में 49,515 और जोरहाट में 27,842 लोग प्रभावित हुए हैं।
बाढ़ के कारण अब तक दो लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें गोलाघाट और उदलगुरी जिले से एक-एक व्यक्ति शामिल है। हालांकि, राहत की बात यह है कि फिलहाल किसी के लापता होने की कोई खबर नहीं है। बाढ़ के पानी ने राज्य में करीब 14,382 हेक्टेयर फसल भूमि को भी डुबो दिया है, जिससे किसानों की आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है। शिवसागर, जोरहाट, लखीमपुर और चराईदेव जिलों में फसलों को सबसे ज्यादा नुकसान पहुँचा है।
राहत और बचाव कार्य
प्रशासन ने प्रभावित लोगों की मदद के लिए तेजी से कदम उठाए हैं। कुल 133 राहत शिविर और वितरण केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहाँ 10,111 लोगों ने शरण ली है। इसके अलावा, 35,596 अन्य लोगों को वितरण केंद्रों के माध्यम से सहायता प्रदान की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, इन केंद्रों से 616 क्विंटल से अधिक चावल, लगभग 110 क्विंटल दाल और अन्य आवश्यक सामग्री वितरित की जा चुकी है। बचाव कार्यों के लिए 93 टीमों को 151 नावों के साथ तैनात किया गया है।
नदी का जलस्तर और नुकसान
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के नवीनतम बुलेटिन में बताया गया है कि नुमालीगढ़ में धनसिरी दक्षिण नदी अभी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है, लेकिन कोई भी नदी अपने सर्वाधिक बाढ़ स्तर पर नहीं है। इस आपदा में 41,475 पशु भी प्रभावित हुए हैं। साथ ही, 40 घरों के पूरी तरह और 325 के आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त होने सहित कुल 365 घरों को नुकसान पहुँचा है।
इनपुट: IANS



