दिल्ली लक्ष्मी योजना: महिलाओं का जबरदस्त उत्साह, दो दिन में डेढ़ लाख से ज़्यादा रजिस्ट्रेशन
दिल्ली सरकार की महत्वाकांक्षी 'दिल्ली लक्ष्मी योजना' को महिलाओं से शानदार प्रतिक्रिया मिल रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता द्वारा शनिवार को लॉन्च किए जाने के बाद से ही योजना के पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन…
दिल्ली सरकार की महत्वाकांक्षी 'दिल्ली लक्ष्मी योजना' को महिलाओं से शानदार प्रतिक्रिया मिल रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता द्वारा शनिवार को लॉन्च किए जाने के बाद से ही योजना के पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराने वालों की भीड़ लगी है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार सुबह 7:48 बजे तक 1.54 लाख से ज़्यादा महिलाएँ आधिकारिक पोर्टल पर अपना पंजीकरण करा चुकी थीं, जिनमें से 10,723 ने अंतिम आवेदन भी जमा कर दिया है।
योजना की लोकप्रियता का अंदाज़ा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पोर्टल लाइव होने के महज़ 12 घंटों के भीतर ही 33,730 से ज़्यादा महिलाओं ने रजिस्ट्रेशन कराया और 1,940 आवेदन जमा हो गए। इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाएगी, जिसके बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सिर्फ़ नकद मदद नहीं, बल्कि महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने का एक व्यापक मॉडल है।
क्या है योजना का उद्देश्य?
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के अनुसार, सरकार ने विधानसभा चुनाव में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का जो वादा किया था, यह योजना उसी वादे को पूरा करती है। उन्होंने बताया कि दिल्ली कैबिनेट ने पहले इसे 'महिला समृद्धि योजना' के नाम से मंज़ूरी दी थी, लेकिन बाद में महिलाओं के सम्मान, समृद्धि और आर्थिक सशक्तीकरण के व्यापक दृष्टिकोण को दर्शाने के लिए इसका नाम 'दिल्ली लक्ष्मी योजना' कर दिया गया। यह योजना शुरुआती तौर पर तीन साल के लिए लागू की गई है और इससे करीब 17 लाख महिलाओं को फायदा पहुँचने की उम्मीद है।
वित्तीय सहायता के दो विकल्प
इस योजना की खास बात यह है कि लाभार्थियों को उनकी ज़रूरत के हिसाब से दो वित्तीय विकल्पों में से चुनने की आज़ादी होगी। एक अधिकारी ने बताया कि यह डिज़ाइन इसे आम नकद सहायता योजनाओं से अलग बनाता है।
- पहला विकल्प: रोज़मर्रा के खर्चों के लिए हर महीने 1,000 रुपये सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी (CBDC) वॉलेट में और बाकी 1,500 रुपये बचत के लिए आरडी/एफडी खाते में जमा किए जाएँगे।
- दूसरा विकल्प: पूरी राशि यानी 2,500 रुपये हर महीने आरडी/एफडी में जमा किए जाएँगे, जिससे समय के साथ एक बड़ी बचत राशि तैयार हो सकेगी।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि CBDC वॉलेट में मिलने वाली राशि का उपयोग केवल घर की ज़रूरी चीज़ों पर ही हो, यह सुनिश्चित करने के लिए एक 'नेगेटिव लिस्ट' लागू की गई है। इस राशि को शराब, तंबाकू, लॉटरी, जुआ या सट्टेबाजी जैसी चीज़ों पर खर्च नहीं किया जा सकेगा।
पूरी तरह डिजिटल प्रक्रिया
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह योजना पूरी तरह से टेक्नोलॉजी पर आधारित है और एक डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से काम करेगी। हाल ही में लॉन्च किया गया पोर्टल (www.dly.delhi.gov.in) आवेदन से लेकर दस्तावेज़ों की जाँच, मंज़ूरी, बैंकिंग और CBDC ट्रांसफर तक की पूरी प्रक्रिया को एकीकृत करता है, जिससे यह तेज़, पारदर्शी और जवाबदेह बनती है।
इनपुट: IANS



