गुजरात और दमन में बाढ़ का कहर: भारतीय तटरक्षक बल ने 170 लोगों को बचाया, रात-दिन चले बचाव अभियान
दक्षिण गुजरात, दमन, और दादरा एवं नगर हवेली में भारी बारिश और बाढ़ ने गंभीर हालात पैदा कर दिए हैं, जिससे कई इलाके पानी में डूब गए हैं और सड़क संपर्क टूट गया है। इन चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच…
दक्षिण गुजरात, दमन, और दादरा एवं नगर हवेली में भारी बारिश और बाढ़ ने गंभीर हालात पैदा कर दिए हैं, जिससे कई इलाके पानी में डूब गए हैं और सड़क संपर्क टूट गया है। इन चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच भारतीय तटरक्षक बल ने स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर 170 लोगों की जान बचाई है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, 22 जुलाई की मध्यरात्रि से लगातार कई बचाव अभियान चलाए जा रहे हैं।
बाढ़ के तेज बहाव और लगातार बारिश के बावजूद तटरक्षक बल की आपदा राहत टीमों और हेलीकॉप्टरों ने कई मुश्किल मिशनों को अंजाम दिया। जवानों ने पैदल ही जलमग्न क्षेत्रों तक पहुँचकर और नावों के जरिए लोगों तक राहत पहुँचाई। जिन इलाकों तक पहुँचना संभव नहीं था, वहाँ हेलीकॉप्टरों की मदद से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया।
विभिन्न इलाकों में चलाए गए प्रमुख बचाव अभियान
वेलस्पन और रिलायंस इंडस्ट्रीज क्षेत्र: सबसे बड़े बचाव कार्यों में से एक वेलस्पन इंडस्ट्रियल एरिया में हुआ, जहाँ सड़क संपर्क कट जाने के बाद 60 लोग फँसे हुए थे। इसी तरह, रिलायंस इंडस्ट्रीज क्षेत्र से भी रात भर चले एक अभियान में आठ लोगों को सुरक्षित निकाला गया।
सिलवासा, कडैया और डोंगरी: बचाव अभियानों की शुरुआत 22-23 जुलाई की रात को सिलवासा के खानवेल इलाके से हुई, जहाँ पाँच लोगों को बचाया गया। इसके बाद कडैया तटीय क्षेत्र में बाढ़ में फँसे तीन मछुआरों को निकाला गया। डोंगरी क्षेत्र से भी 10 लोगों को बचाया गया।
नवसारी और वलसाड: 24 जुलाई को नवसारी जिले के मेंदर गाँव से 33 लोगों को दो हेलीकॉप्टरों की मदद से एयरलिफ्ट किया गया। इनमें सीने में गंभीर दर्द से पीड़ित एक व्यक्ति भी शामिल था, जिसे तत्काल चिकित्सा सहायता दी गई। वलसाड-पारडी क्षेत्र से भी चार लोगों को हेलीकॉप्टर के जरिए बचाया गया।
गंभीर मामलों में त्वरित कार्रवाई: एक महत्वपूर्ण अभियान में आवध सोसायटी से 10 लोगों को बचाया गया, जिनमें नौ महीने की गर्भवती महिला और सांस की बीमारी से पीड़ित एक अन्य महिला शामिल थीं। इसके अलावा, एयरो फाइबर प्राइवेट लिमिटेड के पास बाढ़ के पानी में फंसी एक बस से भी सात लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
भारतीय तटरक्षक बल ने कहा है कि यह अभियान उनकी त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान नागरिकों की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। एजेंसी ने नागरिक प्रशासन को हरसंभव सहायता देने का आश्वासन देते हुए किसी भी आपात स्थिति के लिए उच्च स्तर की तैयारी बनाए रखने की बात कही है।
इनपुट: IANS



