यूक्रेन का रूसी ठिकानों पर जवाबी हमला, लॉजिस्टिक्स केंद्रों और तेल रिफाइनरी को बनाया निशाना
यूक्रेन ने रूस के खिलाफ जवाबी कार्रवाई करते हुए उसके तीन अलग-अलग क्षेत्रों में मौजूद लॉजिस्टिक्स केंद्रों और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचों पर हमला किया है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की…
यूक्रेन ने रूस के खिलाफ जवाबी कार्रवाई करते हुए उसके तीन अलग-अलग क्षेत्रों में मौजूद लॉजिस्टिक्स केंद्रों और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचों पर हमला किया है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि ये हमले रूसी युद्ध मशीनरी को उसके संसाधनों से वंचित करने के उद्देश्य से किए गए हैं।
समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रपति जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर जानकारी दी कि शुक्रवार को हुए इन हमलों का मकसद उन रूसी ठिकानों को निशाना बनाना था, जो यूक्रेन के खिलाफ आक्रामक कार्रवाई में मदद करते हैं। उन्होंने लिखा, "हम रूस के उन बुनियादी ढांचे वाले ठिकानों पर अपने गहरे और मध्यम दूरी के हमले जारी रखे हुए हैं, जो उसकी आक्रामक कार्रवाई को सहारा देते हैं। हमारी लंबी दूरी की कार्रवाई हमेशा उचित जवाब के तौर पर होती है।"
कई सौ किलोमीटर अंदर तक हुए हमले
यूक्रेन ने जिन लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बनाया, वे रूस के सारापुल, कजान और वोल्गोग्राड क्षेत्रों में स्थित हैं। ये केंद्र यूक्रेन से लगभग 500 से 1300 किलोमीटर की दूरी पर हैं। इसके अतिरिक्त, फ्रंट लाइन से करीब 270 किलोमीटर दूर क्रास्नोडार क्षेत्र में एक समुद्री टर्मिनल और लगभग 480 किलोमीटर दूर वोल्गोग्राद क्षेत्र में एक तेल रिफाइनरी पर भी हमला किया गया। जेलेंस्की के मुताबिक, आजोव सागर में भी सफल हमले किए गए।
रूस के मिसाइल हमले का जवाब
यूक्रेन की यह कार्रवाई रूस द्वारा गुरुवार को किए गए बड़े मिसाइल हमले के एक दिन बाद हुई है। उस हमले में रूस ने कीव, नीपर और ल्वीव समेत कई यूक्रेनी शहरों पर 70 से अधिक बैलिस्टिक मिसाइलों और 280 से ज्यादा अटैक ड्रोन से हमला किया था। जेलेंस्की ने बताया कि यूक्रेनी वायु सेना ने 260 से ज्यादा ड्रोन और कई क्रूज मिसाइलों को मार गिराया था।
राष्ट्रपति जेलेंस्की ने एयर डिफेंस मिसाइलों की गंभीर कमी का उल्लेख करते हुए कहा, "हमारे सहयोगी देशों से एयर डिफेंस मिसाइलों की गंभीर कमी के बावजूद हमारे सैनिक बेहद मुश्किल हालात में शानदार काम कर रहे हैं।" उन्होंने जोर देकर कहा कि रूस के मिसाइल खतरे से नागरिकों की सुरक्षा सबसे जरूरी काम है। उन्होंने कहा, "हम अपने लोगों की सुरक्षा कर रहे हैं और शांति हासिल करने के लिए जरूरत पड़ने पर आगे भी आवश्यक कदम उठाते रहेंगे।"
इनपुट: IANS



