जम्मू-कश्मीर पर अमेरिकी राजदूत के बयान को पूर्व DGP ने बताया 'अहम', यात्रा एडवाइजरी की समीक्षा का स्वागत
जम्मू-कश्मीर के पूर्व पुलिस महानिदेशक (DGP) एस.पी. वैद्य ने भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर की हालिया कश्मीर यात्रा और उनकी टिप्पणियों को 'काफी अहम' बताया है। समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में…
जम्मू-कश्मीर के पूर्व पुलिस महानिदेशक (DGP) एस.पी. वैद्य ने भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर की हालिया कश्मीर यात्रा और उनकी टिप्पणियों को 'काफी अहम' बताया है। समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में वैद्य ने कहा कि किसी शीर्ष अमेरिकी पदाधिकारी द्वारा जम्मू-कश्मीर को भारत का महत्वपूर्ण हिस्सा बताना एक बड़ी बात है, खासकर जब यह बयान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी माने जाने वाले राजदूत की ओर से आया हो।
बुधवार को कश्मीर पहुंचे राजदूत गोर ने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मुलाकात की थी। इस दौरान उन्होंने कहा, "यहां आकर खुशी हुई।... यह भारत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।" पूर्व डीजीपी वैद्य ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "मैं समझता हूं किसी यूएस राजदूत की ये अहम टिप्पणी है। मैंने पहली बार ऐसा किसी बड़े अमेरिकी पदाधिकारी को ऐसा कहते सुना।"
सुरक्षा व्यवस्था और यात्रा एडवाइजरी
राजदूत गोर ने कश्मीर की सुरक्षा व्यवस्था की भी प्रशंसा की। इस पर वैद्य ने कहा, "उन्होंने हमारी सुरक्षा व्यवस्था को भी बेहतर बताया। अनुच्छेद 370 को हटाए जाने के बाद जिस तरह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने परिस्थिति को संभाला है उससे अवश्य सीमा पार के लोगों को काफी जलन होगी।" उन्होंने पीओजेके के हालात से तुलना करते हुए कहा कि वहां की घटनाओं को दुनिया ने देखा है, ऐसे में अमेरिकी राजदूत का बयान गौर करने लायक है।
इसके अलावा, अमेरिकी राजदूत ने जम्मू-कश्मीर के लिए अपने देश की यात्रा एडवाइजरी (Travel Advisory) की समीक्षा का भी संकेत दिया। वैद्य ने इसे पर्यटन के लिए एक बहुत सकारात्मक कदम बताते हुए कहा, "तीसरी सबसे अहम बात जो मुझे लगी वो ये कि उन्होंने यूएस नागरिकों के लिए ट्रैवल एडवाइजरी की समीक्षा की बात की। हमारी टूरिज्म के लिए ये बहुत जरूरी है।"
'ऑपरेशन सिंदूर' पर पाकिस्तानी बयानबाजी
एस.पी. वैद्य ने 'ऑपरेशन सिंदूर' पर बनी डॉक्यूमेंट्री को लेकर पाकिस्तान की आपत्तियों को आधारहीन बताया। उन्होंने कहा, "मैं अगर आठ मक्खियां मारता तो उसका सबूत होता है, हवा में बोल देने की कोई अहमियत नहीं है। अगर ऐसा कुछ हुआ है तो दिखाओ सबूत क्या है?" उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को ऐसी बयानबाजी से बचना चाहिए।
यह डॉक्यूमेंट्री 'ऑपरेशन सिंदूर' की योजना और सैन्य कार्रवाई पर आधारित है, जिसे 15 अगस्त 2026 को डिस्कवरी चैनल पर रिलीज किया गया था। पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने आरोप लगाया था कि फिल्म में घटनाओं को भारत के पक्ष में दिखाया गया है।
इनपुट: IANS



