नोएडा: लिफ्ट के बहाने कार में बिठाकर लूट, मोबाइल से पैसे भी करते थे ट्रांसफर, चार आरोपी गिरफ्तार
नोएडा पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जो राह चलते लोगों को लिफ्ट देने के बहाने अपनी कार में बिठाकर न सिर्फ लूटपाट करता था, बल्कि उन्हें डरा-धमकाकर उनके बैंक खातों से पैसे भी निकाल लेता था। स
नोएडा पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जो राह चलते लोगों को लिफ्ट देने के बहाने अपनी कार में बिठाकर न सिर्फ लूटपाट करता था, बल्कि उन्हें डरा-धमकाकर उनके बैंक खातों से पैसे भी निकाल लेता था। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके पास से लूटा हुआ सामान और वारदात में इस्तेमाल कार बरामद हुई है।
यह कार्रवाई सेक्टर-49 थाने में 29 जून को दर्ज हुई एक शिकायत के बाद की गई। पीड़ित ने बताया था कि सेक्टर-50 इलाके में कुछ लोगों ने उसे अपनी कार में लिफ्ट दी और फिर उसका आईफोन, चार्जर, पावर बैंक और नकदी छीन ली। आरोपियों ने इसके बाद पीड़ित को धमकाया और जबरन उसके मोबाइल का लॉक खुलवाकर मोबाइल बैंकिंग के जरिए उसके खाते से अपने अकाउंट में पैसे ट्रांसफर कर लिए।
कैसे हुई गिरफ्तारी और क्या हुआ बरामद
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने विशेष टीमें गठित कीं और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से जांच शुरू की। 30 जून, 2026 को पुलिस ने सेक्टर-50 के पास से चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। उनकी पहचान अमित, नितिन, विवेक और ऋषि के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके कब्जे से पीड़ित का लूटा गया आईफोन-16, एक स्मार्ट वॉच, चार्जर, आधार कार्ड, 2,300 रुपये नकद और घटना में इस्तेमाल की गई कार बरामद की है।
आरोपियों की पृष्ठभूमि और अपराध का तरीका
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे सभी दोस्त हैं और फिरोजाबाद जिले के रहने वाले हैं। उनमें से एक नोएडा के सेक्टर-141 में रहता था। पहले वे दिल्ली-एनसीआर में ड्राइवर और मजदूर का काम करते थे, लेकिन जल्दी पैसा कमाने के लालच में उन्होंने यह रास्ता चुना। वे राहगीरों को निशाना बनाते, लिफ्ट के बहाने कार में बिठाते और फिर लूटपाट करते। अगर पीड़ित के फोन में बैंकिंग ऐप होता तो वे उसे डराकर खाते से पैसे भी ट्रांसफर कर लेते थे। पुलिस अब उनका आपराधिक इतिहास खंगाल रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उन्होंने एनसीआर में ऐसी और कितनी वारदातों को अंजाम दिया है।
इनपुट: IANS



