लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ आउन वाशिंगटन पहुंचे, राष्ट्रपति ट्रंप से हिज्बुल्लाह पर होगी अहम चर्चा
करीब 20 वर्षों में व्हाइट हाउस का दौरा करने वाले पहले लेबनानी राष्ट्राध्यक्ष के तौर पर राष्ट्रपति जोसेफ आउन वाशिंगटन पहुंच गए हैं। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड…
करीब 20 वर्षों में व्हाइट हाउस का दौरा करने वाले पहले लेबनानी राष्ट्राध्यक्ष के तौर पर राष्ट्रपति जोसेफ आउन वाशिंगटन पहुंच गए हैं। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निमंत्रण पर हुई इस यात्रा के दौरान दोनों नेताओं के बीच कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बातचीत होनी है, जिसमें हिज्बुल्लाह के निरस्त्रीकरण और लेबनान से इजरायली सेना की वापसी की योजना प्रमुख है।
लेबनान के राष्ट्रपति कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी दी कि राष्ट्रपति जनरल जोसेफ आउन और प्रथम महिला नायमा आउन अपनी आधिकारिक अमेरिकी यात्रा की शुरुआत में वाशिंगटन के एंड्रयूज एयर फोर्स बेस पर उतरे। लेबनान के पूर्व सेना कमांडर रहे आउन पिछले साल राष्ट्रपति चुने गए थे और यह उनकी राष्ट्रपति ट्रंप के साथ पहली आमने-सामने की मुलाकात होगी।
स्वागत और शुरुआती कार्यक्रम
हवाई अड्डे पर अमेरिकी अधिकारियों ने राष्ट्रपति आउन और लेबनानी प्रथम महिला का गर्मजोशी से स्वागत किया। लेबनानी दूतावास की ओर से जारी बयान के अनुसार, स्वागत करने वालों में अमेरिकी विदेश विभाग की प्रोटोकॉल प्रमुख, बेस कमांडर और अमेरिका में लेबनान की राजदूत नाडा हरदिनी मालूफ समेत कई वरिष्ठ राजनयिक और अधिकारी मौजूद थे। वॉशिंगटन पहुंचने के बाद राष्ट्रपति आउन, उनकी पत्नी और प्रतिनिधिमंडल ने अपने आधिकारिक आवास पहुंचकर दूतावास के अधिकारियों से मुलाकात की। इस दौरान उन्हें दूतावास के कामकाज और अमेरिका में बसे लेबनानी समुदाय की स्थिति के बारे में जानकारी दी गई।
बैठकों का व्यस्त कार्यक्रम
राष्ट्रपति आउन की आधिकारिक बैठकें सोमवार (स्थानीय समय) से शुरू होंगी। सबसे पहले वह अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो से मिलेंगे। इसके बाद मंगलवार दोपहर से पहले व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति ट्रंप उनका औपचारिक स्वागत करेंगे, जहां दोनों राष्ट्राध्यक्षों के बीच अहम वार्ता होगी। अपनी इस यात्रा के दौरान राष्ट्रपति आउन अमेरिकी सीनेट के कई सदस्यों और अमेरिकी प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ भी अलग-अलग बैठकें करेंगे।
इनपुट: IANS



