IRCTC होटल घोटाला: लालू, राबड़ी और तेजस्वी यादव के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप तय होंगे
इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (IRCTC) से जुड़े होटल घोटाले के मामले में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। समाचार एजेंसी IANS के…
इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (IRCTC) से जुड़े होटल घोटाले के मामले में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, दिल्ली की एक स्पेशल कोर्ट ने शुक्रवार को लालू यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजस्वी यादव समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप तय करने का आदेश दिया है।
यह पूरा मामला उस समय का है जब लालू प्रसाद यादव केंद्र में रेल मंत्री थे। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने इस मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) द्वारा दर्ज की गई एक FIR के आधार पर शुरू की थी। सीबीआई ने अपनी एफआईआर में तत्कालीन रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और पीसी गुप्ता समेत अन्य पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 और आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था।
क्या हैं आरोप?
जांच के अनुसार, लालू प्रसाद यादव पर रेल मंत्री के पद का दुरुपयोग करने का आरोप है। उन्होंने पुरी और रांची में स्थित रेलवे के दो होटलों का ठेका मेसर्स सुजाता होटल प्राइवेट लिमिटेड को दिया था। आरोप है कि इस सौदे के बदले में, लालू यादव के एक करीबी सहयोगी प्रेम चंद गुप्ता के परिवार द्वारा नियंत्रित कंपनी, मेसर्स डिलाइट मार्केटिंग कंपनी प्राइवेट लिमिटेड को बहुत कम कीमत पर दो एकड़ जमीन हस्तांतरित की गई थी।
बाद में, इसी कंपनी और जमीन का नियंत्रण नाममात्र की कीमत पर शेयरों की खरीद के माध्यम से राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव को हस्तांतरित कर दिया गया। इस तरह, जमीन का मालिकाना हक प्रभावी रूप से यादव परिवार के पास आ गया।
ED की कार्रवाई और कोर्ट का फैसला
इस मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम, 2002 (PMLA) के तहत कार्रवाई करते हुए 44.75 करोड़ रुपये की संपत्तियों को जब्त किया था, जिसे बाद में निर्णायक प्राधिकरण ने भी सही ठहराया। ED ने 24 अगस्त 2018 को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट में विशेष जज के समक्ष अभियोजन शिकायत दर्ज की थी। अब अदालत ने लालू प्रसाद, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और छह अन्य आरोपियों के खिलाफ PMLA की धारा 3 और 4 के तहत आरोप तय करने का निर्देश दिया है।
इनपुट: IANS



