ईरानी राष्ट्रपति का ट्रंप को जवाब देने से इनकार, कहा- 'बच्चों के हत्यारे से राजनीति नहीं सीखेंगे'
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, पे
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, पेजेश्कियन ने कहा, "हम उस व्यक्ति से ऐसी राजनीति नहीं सीखेंगे, जिसके हाथ बच्चों के खून से सने हैं।"
अल जजीरा के मुताबिक, उनकी यह टिप्पणी कथित तौर पर एक अमेरिकी हमले के संदर्भ में है, जिसमें ईरान के एक स्कूल को निशाना बनाने और 100 से ज्यादा बच्चों के मारे जाने का दावा किया गया था। पेजेश्कियन ने आगे कहा कि जो व्यक्ति अपमान किए बिना बात नहीं कर सकता, उसके शब्द और सोच दोनों ही अपमानजनक हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि ईरान अपने अधिकारों की मजबूती से रक्षा करेगा।
नाटो शिखर सम्मेलन में ट्रंप का बयान
यह पूरा मामला बुधवार को नाटो शिखर सम्मेलन के दौरान डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान के बाद गरमाया। ट्रंप ने ईरान के साथ संघर्षविराम को अपनी तरफ से 'खत्म' बताते हुए ईरानी नेताओं के लिए आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया था।
होरमुज जलडमरूमध्य में फंसे 6,000 नाविक
अमेरिका और ईरान के बीच इस सैन्य टकराव का असर समुद्री गतिविधियों पर भी पड़ रहा है। अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (आईएमओ) के प्रमुख अर्सेनियो डोमिंगुएज ने जानकारी दी है कि होरमुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) के आसपास लगभग 6,000 नाविक फंसे हुए हैं। उन्होंने चिंता जताते हुए कहा, "मौजूदा सैन्य संघर्ष ने निर्दोष नाविकों की जान को खतरे में डाल दिया है। किसी भी नाविक को केवल अपना काम करने के लिए अपनी जान जोखिम में नहीं डालनी चाहिए। आंकड़ों के पीछे ऐसे लोग हैं, जो इस संघर्ष की मानवीय कीमत चुका रहे हैं।"
रेलवे पुल को भी नुकसान
इस बीच, ईरान की फार्स न्यूज एजेंसी ने खबर दी है कि अमेरिकी हवाई हमलों से देश के उत्तरी गोलस्तान प्रांत में स्थित अक तकेह खान रेलवे पुल को नुकसान पहुंचा है। यह पुल ईरान के प्रमुख रेल संपर्कों में से एक है और चीन के साथ व्यापार के लिए इसे बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। यह रेलवे मार्ग तुर्कमेनिस्तान और कजाखस्तान से होते हुए तेहरान को चीन से जोड़ता है।
इनपुट: IANS



