सूरत: वर्क फ्रॉम होम के नाम पर 5.98 लाख की ठगी, स्टार रेटिंग का झांसा देकर फँसाया, हीरा व्यापारी गिरफ्तार
गुजरात के सूरत में 'वर्क फ्रॉम होम' और स्टार रेटिंग के ज़रिए मोटी कमाई का झांसा देकर एक व्यक्ति से लगभग छह लाख रुपये ठग लिए गए। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, इस मामले में सूरत साइबर क्राइम सेल ने एक…
गुजरात के सूरत में 'वर्क फ्रॉम होम' और स्टार रेटिंग के ज़रिए मोटी कमाई का झांसा देकर एक व्यक्ति से लगभग छह लाख रुपये ठग लिए गए। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, इस मामले में सूरत साइबर क्राइम सेल ने एक 23 वर्षीय हीरा व्यापारी को गिरफ्तार किया है, जिसके बैंक खाते का इस्तेमाल धोखाधड़ी के लिए किया गया था।
पीड़ित को टेलीग्राम पर एक पार्ट-टाइम नौकरी का प्रस्ताव मिला था, जिसमें आसान काम के बदले आकर्षक वेतन का वादा किया गया था। जालसाजों ने एक फर्जी वेबसाइट का लिंक भेजकर उस पर रजिस्ट्रेशन करवाया। शुरुआत में भरोसा जीतने के लिए छोटे-छोटे काम पूरे करने पर कुछ पैसे भी दिए गए।
ऐसे दिया गया ठगी को अंजाम
कुछ समय बाद, पीड़ित से कहा गया कि ज़्यादा कमाई वाले बड़े काम को 'अनलॉक' करने के लिए उसे कुछ शुल्क जमा करना होगा। इस झांसे में आकर पीड़ित ने अलग-अलग बैंक खातों में कुल 5,98,800 रुपये ट्रांसफर कर दिए। जब उसे पैसे वापस नहीं मिले तो उसने साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 पर संपर्क किया, जिसके बाद सूरत साइबर क्राइम सेल ने जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने सूरत के कपोदरा इलाके में रहने वाले रवि बरैया को गिरफ्तार किया, जो मूल रूप से भावनगर का रहने वाला है। पीड़ित द्वारा ठगी गई रकम में से एक लाख रुपये सीधे बरैया के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक खाते में जमा किए गए थे।
आरोपी की भूमिका और बड़ा खुलासा
पुलिस ने बताया कि रवि बरैया ने कमीशन के बदले अपने बैंक खाते की जानकारी सह-आरोपी गौतम बरैया को दी थी, जिसका इस्तेमाल साइबर धोखाधड़ी में किया जा रहा था। इस बैंक खाते से कुल 7,11,475 रुपये के संदिग्ध लेनदेन का पता चला है।
इसके अलावा, जब राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीसीआरपी) पर इस खाते की जाँच की गई तो विभिन्न राज्यों में दर्ज पांच अन्य शिकायतें भी सामने आईं। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगे की कार्रवाई कर रही है।
इनपुट: IANS



