भारत-उज्बेकिस्तान संबंध: विदेश मंत्री बख्तियार सैदोव दिल्ली में, राष्ट्रपति और विदेश मंत्री से करेंगे मुलाकात
भारत और उज्बेकिस्तान अपने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूती देने की दिशा में एक अहम कदम बढ़ा रहे हैं। इसी सिलसिले में उज्बेकिस्तान के विदेश मंत्री बख्तियार सैदोव सोमवार को नई दिल्ली पहुँचे। समाचार…
भारत और उज्बेकिस्तान अपने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूती देने की दिशा में एक अहम कदम बढ़ा रहे हैं। इसी सिलसिले में उज्बेकिस्तान के विदेश मंत्री बख्तियार सैदोव सोमवार को नई दिल्ली पहुँचे। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, वह भारत सरकार के निमंत्रण पर तीन से पांच अगस्त तक की आधिकारिक यात्रा पर हैं।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। अपनी यात्रा के दौरान सैदोव की कई उच्च-स्तरीय बैठकें निर्धारित हैं, जिनमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर के साथ होने वाली बातचीत प्रमुख है।
रणनीतिक साझेदारी और आर्थिक सहयोग
यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब दोनों देश व्यापार, निवेश, तकनीक, ऊर्जा, शिक्षा और कनेक्टिविटी जैसे क्षेत्रों में अपनी रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। इस दौरे से पहले, 20 जुलाई को विदेश मंत्री एस. जयशंकर और सैदोव के बीच टेलीफोन पर भी बातचीत हुई थी, जिसमें द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की गई थी।
अपनी इस यात्रा के दौरान उज्बेक विदेश मंत्री नई दिल्ली में एक बिजनेस फोरम में भी हिस्सा लेंगे। इस मंच का उद्देश्य दोनों देशों के बीच आर्थिक और वाणिज्यिक सहयोग बढ़ाने के अवसरों पर विचार-विमर्श करना है।
कूटनीतिक संबंधों की निरंतरता
भारत और उज्बेकिस्तान के बीच लगातार उच्च-स्तरीय संवाद बना हुआ है। इसी साल मई में दोनों देशों ने नई दिल्ली में विदेश कार्यालय परामर्श (Foreign Office Consultation) का 17वां दौर आयोजित किया था। इसमें अधिकारियों ने द्विपक्षीय सहयोग की प्रगति की समीक्षा करने के साथ-साथ आपसी हित के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया था। सैदोव के इस दौरे से भारत-उज्बेकिस्तान संबंधों, विशेषकर आर्थिक साझेदारी को नई गति मिलने की उम्मीद है।
इनपुट: IANS



