अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान से बातचीत की पुष्टि की, लेकिन प्रगति पर साधी चुप्पी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पुष्टि की है कि उनकी टीम ने ईरान के साथ संपर्क साधा है, लेकिन उन्होंने इस बातचीत से किसी समाधान या प्रगति का कोई संकेत नहीं दिया। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार…
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पुष्टि की है कि उनकी टीम ने ईरान के साथ संपर्क साधा है, लेकिन उन्होंने इस बातचीत से किसी समाधान या प्रगति का कोई संकेत नहीं दिया। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, आयोवा में स्टील निवेश से जुड़े एक कार्यक्रम के दौरान व्हाइट हाउस में ट्रंप ने यह जानकारी दी। उन्होंने उम्मीद जताई कि दोनों देशों के बीच टकराव जल्द ही खत्म हो जाएगा।
जब पत्रकारों ने राष्ट्रपति से पूछा कि क्या उनकी टीम ने ईरान से बात की है, तो उन्होंने जवाब दिया, "हां, उन्होंने बात की है।" ट्रंप के इस जवाब से यह स्पष्ट हो गया कि सोमवार को यह संपर्क हुआ था। हालांकि, उन्होंने इस बारे में कोई विवरण नहीं दिया कि इस बातचीत में कौन शामिल था, यह संपर्क किस माध्यम से हुआ या किन मुद्दों पर चर्चा की गई।
बातचीत का नतीजा और भविष्य
जब बातचीत में हुई प्रगति के बारे में सवाल किया गया तो ट्रंप ने कोई ठोस जानकारी देने से परहेज किया। उन्होंने कहा, "हम जीतने वाले हैं। जहां तक मेरा सवाल है, यह किसी न किसी तरह खत्म होगा। यह सब काफी जल्दी होने वाला है।" उनके इस बयान से यह साबित नहीं होता कि अमेरिकी और ईरानी अधिकारियों के बीच कोई सीधी मुलाकात हुई या दोनों पक्ष किसी नए समझौते पर पहुंचे हैं। ट्रंप ने किसी समझौते के लिए कोई समयसीमा या शर्तें भी नहीं बताईं।
ईंधन की कीमतें और परमाणु हथियार
एक पत्रकार द्वारा ईंधन की ऊंची कीमतों पर पूछे गए सवाल के जवाब में ट्रंप ने कोई अल्पकालिक अनुमान नहीं दिया। इसके बजाय, उन्होंने दावा किया कि संघर्ष समाप्त होने के बाद गैस की कीमतें "बहुत नीचे जाएंगी" और महंगाई खत्म हो जाएगी। हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि कीमतों में कितनी कमी आएगी या यह संघर्ष कब समाप्त होगा। उन्होंने एक बार फिर अपनी बात दोहराते हुए कहा, "ईरान के पास कभी परमाणु हथियार नहीं होगा।"
इसके अतिरिक्त, ब्रिटेन में गिरफ्तार हुए पांच संदिग्धों के ईरान से संभावित संबंध के बारे में पूछे जाने पर ट्रंप ने कहा, "हो सकता है।" उन्होंने इस मामले पर और कोई भी टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।
इनपुट: IANS



