पंजाब में 40 लाख महिलाओं के लिए 'मावां-धीयां सत्कार योजना' शुरू, सीधे खाते में आएगी सम्मान राशि
पंजाब की करीब 40 लाख महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने एक महत्वाकांक्षी योजना का शुभारंभ किया है। बुधवार को धुरी में 'मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना' की शुरुआत
पंजाब की करीब 40 लाख महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने एक महत्वाकांक्षी योजना का शुभारंभ किया है। बुधवार को धुरी में 'मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना' की शुरुआत करते हुए उन्होंने पात्र महिलाओं के बैंक खातों में सीधे तीन महीने की सम्मान राशि हस्तांतरित की। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इस पहल के लिए राज्य सरकार ने 9,300 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया है।
इस योजना के तहत, 18 वर्ष से अधिक आयु की प्रत्येक महिला को 1,000 रुपए प्रति माह की वित्तीय सहायता मिलेगी। वहीं, अनुसूचित जाति (SC) की महिलाओं को 1,500 रुपए प्रतिमाह दिए जाएंगे। सरकार का मानना है कि यह राशि महिलाओं को गरिमा और आत्मसम्मान के साथ जीवन जीने में मदद करेगी। लॉन्च कार्यक्रम के दौरान ही लाभार्थियों को उनके मोबाइल फोन पर भुगतान पुष्टि के SMS मिलने शुरू हो गए।
योजना की प्रमुख बातें
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस दिन को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि सरकार ने यह महत्वपूर्ण पहल शुरू की है, जिसके तहत 40 लाख से अधिक महिलाएं पहले ही पंजीकरण करा चुकी हैं। उन्होंने बताया कि यह योजना जुलाई से प्रभावी हो गई है और यह महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जो महिलाएं पहले से सामाजिक सुरक्षा पेंशन ले रही हैं, वे भी इस योजना का लाभ उठाने के लिए पात्र होंगी। मुख्यमंत्री के अनुसार, पंजाब की लगभग 97 प्रतिशत महिलाओं को इस योजना से लाभ मिलने की उम्मीद है।
'यह योजना कभी बंद नहीं होगी'
इस पहल के सामाजिक महत्व पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री मान ने कहा, "भले ही यह वित्तीय सहायता महिलाओं को धनी न बनाए, लेकिन इससे उन्हें निश्चित रूप से गरिमा और आत्मसम्मान प्राप्त होगा।" उन्होंने महिलाओं को जीवन का स्रोत बताते हुए कहा कि उनका आशीर्वाद हर चुनौती का सामना करने में सहायक होता है।
भगवंत मान ने अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए लाभार्थियों को आश्वासन दिया कि यह योजना कभी बंद नहीं होगी। उन्होंने कहा कि यह जनता द्वारा जताए गए भरोसे का प्रतीक है और उनकी सरकार इस नेक कार्य को आगे बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी।
इनपुट: IANS



