संयुक्त राष्ट्र के अगले प्रमुख की तलाश शुरू, सुरक्षा परिषद ने 7 उम्मीदवारों पर किया पहला गुप्त मतदान
संयुक्त राष्ट्र के अगले महासचिव को चुनने की औपचारिक प्रक्रिया गुरुवार को पहले 'स्ट्रॉ पोल' (अनौपचारिक मतदान) के साथ शुरू हो गई है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस प्रक्रिया का मकसद यह…
संयुक्त राष्ट्र के अगले महासचिव को चुनने की औपचारिक प्रक्रिया गुरुवार को पहले 'स्ट्रॉ पोल' (अनौपचारिक मतदान) के साथ शुरू हो गई है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस प्रक्रिया का मकसद यह जानना है कि महासचिव पद के सात मौजूदा उम्मीदवारों में से किसे कितना समर्थन हासिल है। हालांकि, सुरक्षा परिषद ने इस शुरुआती मतदान के नतीजों को गोपनीय रखने का फैसला किया है।
सुरक्षा परिषद के मौजूदा अध्यक्ष और कांगो के स्थायी प्रतिनिधि जेनॉन मुकोंगो नगाय ने बताया कि मतदान के नतीजे सिर्फ उम्मीदवारों को नामित करने वाले देशों और महासभा अध्यक्ष एनालेना बेयरबॉक के साथ साझा किए जाएंगे। इस गुप्त मतदान में प्रत्येक उम्मीदवार के लिए 'समर्थन' (Encourage), 'असमर्थन' (Discourage) या 'कोई राय नहीं' (No Opinion) का विकल्प था।
चुनाव प्रक्रिया और वीटो का महत्व
यह 'स्ट्रॉ पोल' कई चरणों में होने वाली चुनाव प्रक्रिया की पहली कड़ी है। यह सिलसिला तब तक जारी रहेगा जब तक कोई ऐसा उम्मीदवार सामने नहीं आ जाता जिसे सुरक्षा परिषद के सभी पाँच स्थायी सदस्यों (अमेरिका, रूस, चीन, फ्रांस और ब्रिटेन) की सहमति प्राप्त हो। शुरुआती मतदान पूरी तरह गुप्त होते हैं, लेकिन बाद के चरणों में स्थायी सदस्यों के वोटों को अलग से दिखाया जाता है, ताकि यह पता चल सके कि किस उम्मीदवार पर वीटो का खतरा है। अंतिम चुनाव में महासभा, सुरक्षा परिषद द्वारा अनुशंसित उम्मीदवार को औपचारिक मंजूरी देती है।
चुनावी मैदान में कौन-कौन?
इस प्रतिष्ठित पद के लिए मैदान में उतरे सात उम्मीदवारों में से चार को संयुक्त राष्ट्र के विभिन्न संगठनों में काम करने का व्यापक अनुभव है। इनमें अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) के प्रमुख राफेल ग्रॉसी (अर्जेंटीना), संयुक्त राष्ट्र की पूर्व मानवाधिकार उच्चायुक्त और चिली की पूर्व राष्ट्रपति माइकल बैचलेट, और संयुक्त राष्ट्र व्यापार एवं विकास संगठन (UNCTAD) की प्रमुख रेबेका ग्रिनस्पैन (कोस्टा रिका) शामिल हैं। युगांडा के पूर्व विदेश मंत्री और संयुक्त राष्ट्र के पूर्व अवर महासचिव ओलारा ओटुन्नू भी एक मजबूत दावेदार हैं।
अन्य उम्मीदवारों में इक्वाडोर की पूर्व विदेश मंत्री और संयुक्त राष्ट्र महासभा की पूर्व अध्यक्ष मारिया फर्नांडा एस्पिनोसा, गुयाना की पूर्व विदेश मंत्री कैरोलिन रोड्रिग्स-बिर्केट और सेनेगल के पूर्व राष्ट्रपति मैकी सैल भी अपनी दावेदारी पेश कर चुके हैं। ओटुन्नू ने पिछले हफ्ते ही अपनी उम्मीदवारी की घोषणा की थी, और अंतिम चुनाव तक नए उम्मीदवारों के आने की संभावना बनी हुई है।
इनपुट: IANS



