गुरूवार, 24 सितम्बर 2026 · नई दिल्ली
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नेपाल में वीज़ा नियमों का उल्लंघन, 88 चीनी नागरिकों पर कार्रवाई, 3 साल तक प्रवेश पर रोक

नेपाल ने वीज़ा नियमों का गंभीर उल्लंघन करने के आरोप में 88 चीनी नागरिकों को देश से वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इन सभी लोगों पर बिजनेस वीज़ा का दुरुपयोग करने का आरोप है। समाचार एजेंसी IANS…

नेपाल में वीज़ा नियमों का उल्लंघन, 88 चीनी नागरिकों पर कार्रवाई, 3 साल तक प्रवेश पर रोक
(फोटो: IANS)

नेपाल ने वीज़ा नियमों का गंभीर उल्लंघन करने के आरोप में 88 चीनी नागरिकों को देश से वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इन सभी लोगों पर बिजनेस वीज़ा का दुरुपयोग करने का आरोप है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इन नागरिकों को अगले तीन साल तक नेपाल में प्रवेश करने से भी प्रतिबंधित कर दिया जाएगा।

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यह मामला सिंधुली जिले में चल रहे एक मांस-प्रोसेसिंग प्रोजेक्ट से जुड़ा है, जहाँ बड़ी संख्या में चीनी नागरिक काम कर रहे थे। नेपाल के आव्रजन विभाग ने बुधवार शाम एक बयान जारी कर बताया कि ये 88 नागरिक जियान फूड्स प्राइवेट लिमिटेड में काम करते पाए गए, जबकि उन्होंने वीज़ा किसी और कंपनी या काम के लिए लिया था।

क्या है पूरा मामला?

जांच में पता चला कि सिंधुली के मारिनी ग्रामीण नगर पालिका में भैंस के मांस को हीट-प्रोसेस करके चीन निर्यात करने का एक प्रोजेक्ट चल रहा है। इस प्रोजेक्ट को चेंगदू तियान फूड लिमिटेड की वित्तीय साझेदारी में जियान फूड्स प्राइवेट लिमिटेड विकसित कर रही है। हाल ही में हुई निगरानी के दौरान इस प्रोजेक्ट में कुल 501 चीनी नागरिक पाए गए।

आव्रजन विभाग के प्रवक्ता टिकाराम ढकाल के अनुसार, सिंधुली के जिला प्रशासन कार्यालय ने सबसे पहले इस बारे में सूचना दी थी कि मांस-प्रोसेसिंग उद्योग में बड़ी संख्या में चीनी नागरिक अवैध रूप से रह रहे हैं। ढकाल ने बताया, "इनमें से 88 लोगों ने रेस्तरां या सॉफ्टवेयर कंपनियां खोलने जैसे अन्य व्यावसायिक उद्देश्यों के बहाने बिजनेस वीज़ा प्राप्त किया था, लेकिन वे मांस-प्रोसेसिंग उद्योग में काम करते पाए गए।"

अभी और लोगों पर हो सकती है कार्रवाई

विभाग के अनुसार, प्रोजेक्ट में मिले कुल 501 चीनी नागरिकों में से 329 टूरिस्ट वीज़ा पर नेपाल आए थे। इनकी भी जांच की जा रही है कि कहीं वे भी अवैध रूप से काम तो नहीं कर रहे थे। प्रवक्ता टिकाराम ढकाल ने कहा, "हम उनके यात्रा इतिहास, रुकने की अवधि और गतिविधियों की जांच कर रहे हैं। जांच पूरी होने के बाद जरूरी कार्रवाई की जाएगी।" इसका मतलब है कि भविष्य में और भी चीनी नागरिकों को वापस भेजा जा सकता है।

नेपाल का वीज़ा कानून क्या कहता है?

नेपाल के इमिग्रेशन नियम, 1994 के अनुसार, बिजनेस वीज़ा रखने वाले विदेशी नागरिक केवल उसी काम या व्यवसाय में शामिल हो सकते हैं, जिसके लिए वीज़ा जारी किया गया है। वे वीज़ा का उपयोग नौकरी, मजदूरी या किसी अन्य असंबद्ध गतिविधि के लिए नहीं कर सकते। विभाग ने कंपनी को भी चेतावनी दी है और उसके खिलाफ कार्रवाई पर विचार किया जा रहा है। आंकड़ों के मुताबिक, 2021 से 2025 के बीच नेपाल ने जिन 2,267 विदेशी नागरिकों को डिपोर्ट किया, उनमें सबसे ज्यादा 695 (30.65%) चीन के नागरिक थे।

इनपुट: IANS

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