मणिपुरी संगीतकार विक्रम सिंह की हत्या: मुख्यमंत्री खेमचंद ने परिवार से की मुलाकात, न्याय का भरोसा दिलाया
दिल्ली में एक बर्बर हमले में मारे गए मणिपुर के प्रसिद्ध गिटार शिक्षक चोंगथाम विक्रम सिंह के परिवार को मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने न्याय दिलाने का आश्वासन दिया है। गुरुवार को इंफाल में विक्रम…
दिल्ली में एक बर्बर हमले में मारे गए मणिपुर के प्रसिद्ध गिटार शिक्षक चोंगथाम विक्रम सिंह के परिवार को मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने न्याय दिलाने का आश्वासन दिया है। गुरुवार को इंफाल में विक्रम सिंह के घर जाकर उनके शोकसंतप्त परिवार से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि इस जघन्य अपराध के दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, मुख्यमंत्री खेमचंद सिंह ने इंफाल पश्चिम जिले के थांगमेइबंद स्थित विक्रम सिंह के आवास पर उनके माता-पिता, पत्नी और बेटे से मिलकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने पीड़ित परिवार को सरकार की ओर से हरसंभव मदद और सहयोग का वादा किया। मुख्यमंत्री के साथ थांगमेइबंद के विधायक खुमुकचाम जोयकिशन सिंह भी मौजूद थे।
उच्चस्तरीय जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग
इस घटना पर गहरा दुख जताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एक निर्दोष और सम्मानित संगीत शिक्षक की इस तरह हत्या बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने 8 सितंबर को दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को पत्र लिखकर मामले की उच्चस्तरीय जांच में तेजी लाने और दोषियों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया था। मुख्यमंत्री ने यह भी सुझाव दिया कि लोगों का विश्वास मजबूत करने के लिए, यदि आवश्यक हो तो मामले को सीबीआई जैसी स्वतंत्र एजेंसी को सौंपा जा सकता है।
54 वर्षीय विक्रम सिंह दिल्ली के किलोकरी गांव स्थित अपने घर पर हुए एक क्रूर हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिसके बाद 7 सितंबर को इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। उनका अंतिम संस्कार बुधवार को इंफाल में किया गया, जब उनका पार्थिव शरीर दिल्ली से लाया गया।
केंद्र सरकार और छात्र संगठनों की प्रतिक्रिया
इस बीच, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने भी दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है। उन्होंने बताया कि दिल्ली पुलिस ने दो सप्ताह के भीतर एक मजबूत आरोपपत्र दाखिल करने का भरोसा दिया है। रिजिजू ने स्पष्ट किया कि पूर्वोत्तर के लोगों की सुरक्षा और सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
वहीं, मृतक के भाई चोंगथाम विवेक ने दोषियों के लिए कठोरतम सजा की मांग की है। मणिपुर स्टूडेंट्स एसोसिएशन दिल्ली (एमएसएडी) सहित कई संगठनों ने इस घटना की निंदा की है और इसे एक संभावित नस्लीय हमला बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।
इनपुट: IANS



