जयपुर: आमेर में CRPF कैंप के पास खेत में मिला मोर्टार शेल, बम निरोधक दस्ते ने धमाके से किया निष्क्रिय
राजस्थान की राजधानी जयपुर के आमेर इलाके में सोमवार को उस समय अफरातफरी मच गई, जब एक खेत में बम जैसी संदिग्ध वस्तु मिली। बाद में इसकी पहचान एक पुराने मोर्टार शेल के रूप में हुई, जिसे बम निरोधक दस्ते ने…
राजस्थान की राजधानी जयपुर के आमेर इलाके में सोमवार को उस समय अफरातफरी मच गई, जब एक खेत में बम जैसी संदिग्ध वस्तु मिली। बाद में इसकी पहचान एक पुराने मोर्टार शेल के रूप में हुई, जिसे बम निरोधक दस्ते ने एक बड़े धमाके के साथ सुरक्षित रूप से निष्क्रिय कर दिया। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, यह शेल सीआरपीएफ कैंपस के पास 'ठकराला की ढाणी' में मिला था।
यह घटना सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे की है। एक स्थानीय महिला ने कचरे के ढेर में इस संदिग्ध वस्तु को देखा और अपने परिवार को इसकी जानकारी दी। इसके बाद स्थानीय निवासियों ने तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को सूचित किया। सूचना मिलते ही आमेर पुलिस और सिविल डिफेंस की टीम कुछ ही मिनटों में मौके पर पहुँच गई और जमा हो रही भीड़ को वहां से हटाया।
जांच के बाद निष्क्रिय किया गया शेल
शुरुआती जांच के बाद बम निरोधक दस्ते को बुलाया गया, जिसने पुष्टि की कि यह एक मोर्टार शेल है। सिविल डिफेंस के डिप्टी कंट्रोलर अमित शर्मा ने बताया कि कंट्रोल रूम को सुबह 11:05 बजे सूचना मिली थी और उनकी टीम लगभग आठ मिनट में घटनास्थल पर पहुँच गई थी। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए, शेल को आबादी से दूर एक सुनसान जगह पर ले जाया गया।
वहां एक गहरा गड्ढा खोदकर शेल को उसमें रखा गया और दोपहर करीब 2 बजे उसे निष्क्रिय कर दिया गया। इस प्रक्रिया के दौरान एक जोरदार धमाके की आवाज सुनाई दी। इस ऑपरेशन का नेतृत्व अमित शर्मा ने किया, जिसमें असरार अहमद और राजेश कुमार समेत सिविल डिफेंस के कई जवान शामिल थे।
पुलिस ने शुरू की जांच
आमेर के थाना प्रभारी गौतम डोटासरा ने पुष्टि की है कि यह मोर्टार शेल गांव के एक खेत में कचरे के बीच मिला था। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया है। अब इस बात की जांच की जा रही है कि यह शेल वहां कैसे पहुँचा और इसका स्रोत क्या है।
इनपुट: IANS



