बोंडी बीच हमले के बाद सिडनी की सुरक्षा में बड़ा बदलाव, सड़कों पर तैनात होंगे भारी हथियारों से लैस पुलिस अधिकारी
दिसंबर 2025 में सिडनी के बोंडी बीच पर हुए आतंकी हमले के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बड़ा कदम उठाया गया है। अब न्यू साउथ वेल्स (NSW) पुलिस की एक नई, भारी हथियारों से लैस यूनिट पूरे शहर में गश्…
दिसंबर 2025 में सिडनी के बोंडी बीच पर हुए आतंकी हमले के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बड़ा कदम उठाया गया है। अब न्यू साउथ वेल्स (NSW) पुलिस की एक नई, भारी हथियारों से लैस यूनिट पूरे शहर में गश्त करेगी। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, यह फैसला हमले के बाद पैदा हुई सुरक्षा चिंताओं के जवाब में लिया गया है, जिसमें 15 लोगों की जान चली गई थी।
NSW सरकार ने गुरुवार को इस नई 'आर्म्ड रिस्पॉन्स कमांड' (ARC) के बारे में जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि इस यूनिट के अधिकारी आने वाले हफ्तों में सिडनी की सड़कों पर गश्त शुरू कर देंगे, हालांकि उनकी ट्रेनिंग अभी जारी है। यह यूनिट खास तौर पर ज़्यादा जोखिम वाले इलाकों, जैसे कि धार्मिक स्थल और बड़े समारोहों के आयोजन स्थल पर तैनात रहेगी ताकि किसी भी खतरे का तुरंत जवाब दिया जा सके।
क्या है आर्म्ड रिस्पॉन्स कमांड (ARC)?
इस नई विशेष यूनिट में 250 अधिकारी शामिल होंगे। उन्हें कॉम्बैट असॉल्ट राइफलें दी जाएंगी और उनके पास 24 विशेष रूप से तैयार की गई गाड़ियां भी होंगी। इसके अलावा, एक स्पेशलाइज्ड ऑपरेशन सेंटर भी इस यूनिट को सहयोग प्रदान करेगा। NSW के प्रीमियर क्रिस मिन्स ने एक बयान में कहा, "न्यू साउथ वेल्स के लोगों की सुरक्षा हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है। इसका मतलब है यह पक्का करना कि हमारी पुलिस के पास गंभीर खतरों से निपटने के लिए जरूरी लोग, ट्रेनिंग और उपकरण हों।"
बोंडी बीच आतंकी हमला: एक नज़र
पिछले साल दिसंबर में, बोंडी बीच पर एक यहूदी त्योहार के अवसर पर जुटे लोगों पर अंधाधुंध गोलीबारी की गई थी, जिसमें 15 लोग मारे गए थे। इसी हमले के बाद ARC को एक स्थायी यूनिट के रूप में गठित किया गया था। इस मामले में 24 वर्षीय नवीद अकरम पर हत्या के 15 मामलों और आतंकवादी कृत्य के एक मामले सहित कुल 59 अपराधों का आरोप लगाया गया है। फरवरी में उसे सिडनी की एक अदालत में वीडियो लिंक के जरिए पेश किया गया था।
अधिकारियों का आरोप है कि नवीद और उसके पिता साजिद (जो पुलिस की जवाबी कार्रवाई में मारा गया) ने राइफल और शॉटगन से इस हमले को अंजाम दिया था। अदालती दस्तावेज़ों से यह भी पता चला है कि दोनों ने हमले से पहले एक ग्रामीण इलाके में हथियारों की ट्रेनिंग ली थी।
इनपुट: IANS



