गुजरात: जुए के मामले में मारपीट न करने की एवज में माँगी घूस, कॉन्स्टेबल समेत दो ACB के जाल में फँसे
गुजरात के मेहसाणा जिले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने एक पुलिस कॉन्स्टेबल और उसके एक साथी को 83,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी कॉन्स्टेबल ने जुए के एक मामले…
गुजरात के मेहसाणा जिले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने एक पुलिस कॉन्स्टेबल और उसके एक साथी को 83,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी कॉन्स्टेबल ने जुए के एक मामले में शिकायतकर्ता और अन्य लोगों के साथ थाने में मारपीट न करने के बदले यह रकम माँगी थी। समाचार एजेंसी IANS से मिली जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता की सतर्कता और ACB की टोल-फ्री हेल्पलाइन पर की गई एक कॉल के बाद यह कार्रवाई की गई।
मामला मेहसाणा के सतलासाना पुलिस थाने से जुड़ा है, जहाँ शिकायतकर्ता और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ जुए का केस दर्ज था। इसी सिलसिले में उन्हें थाने में पेश होना था। आरोप है कि थाने में तैनात कॉन्स्टेबल कांजी चौधरी ने पेशी के दौरान मारपीट से बचाने का आश्वासन देते हुए उनसे एक लाख रुपये की रिश्वत की माँग की।
ACB ने जाल बिछाकर पकड़ा
काफी मोलभाव के बाद सौदा 83,000 रुपये में तय हुआ। लेकिन रिश्वत देने के बजाय, पीड़ित ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के टोल-फ्री नंबर 1064 पर संपर्क कर पूरी बात बताई। शिकायत मिलने पर ACB ने सोमवार (31 अगस्त) को एक जाल बिछाने की योजना बनाई।
एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपियों ने सोमवार को सतलासाना में सूरज कॉम्प्लेक्स के सामने एक सार्वजनिक सड़क पर अपने दोस्त की कार में शिकायतकर्ता से रिश्वत की रकम ली। जैसे ही लेन-देन पूरा हुआ, पहले से तैयार ACB की टीम ने दोनों को मौके पर ही दबोच लिया। कॉन्स्टेबल कांजी चौधरी के साथ पकड़े गए दूसरे आरोपी की पहचान सतलासाना निवासी आशीष चौधरी के रूप में हुई है।
आगे की कार्रवाई जारी
अधिकारियों ने बताया कि रिश्वत में दी गई पूरी 83,000 रुपये की रकम बरामद कर ली गई है। अहमदाबाद ACB फील्ड-3 के पुलिस इंस्पेक्टर डी.बी. मेहता और उनकी टीम ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। अब इस मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी गई है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि क्या आरोपी कॉन्स्टेबल पहले भी इस तरह की गतिविधियों में शामिल रहा है।
इनपुट: IANS



