परीक्षाओं में गड़बड़ियों के बाद NTA पर सरकार सख्त, शिक्षा मंत्री ने दिए व्यापक ऑडिट के निर्देश
हाल ही में आयोजित कुछ परीक्षाओं में अनियमितताओं को लेकर राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) एक बार फिर सवालों के घेरे में है। इसी पृष्ठभूमि में, केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सोमवार को एजेंसी के…
हाल ही में आयोजित कुछ परीक्षाओं में अनियमितताओं को लेकर राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) एक बार फिर सवालों के घेरे में है। इसी पृष्ठभूमि में, केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सोमवार को एजेंसी के कामकाज की समीक्षा के लिए एक उच्च स्तरीय बैठक की। समाचार एजेंसी IANS से मिली जानकारी के अनुसार, इस बैठक में मंत्री ने NTA की सभी परीक्षा प्रक्रियाओं का एक व्यापक ऑडिट करने का कड़ा निर्देश दिया है।
यह कदम तब उठाया गया है जब NTA ने रविवार को घोषणा की थी कि प्रश्न पत्रों में कई त्रुटियां पाए जाने के कारण अंग्रेजी, समाजशास्त्र और वाणिज्य विषयों के लिए यूजीसी-नेट (UGC-NET) परीक्षा दोबारा आयोजित की जाएगी। इस घटना ने प्रतियोगी परीक्षाओं के संचालन को लेकर टेस्टिंग एजेंसी की कार्यप्रणाली पर आलोचना और बढ़ा दी है।
परीक्षा प्रणाली में बड़े सुधार के आदेश
बैठक के दौरान शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निर्धारित परीक्षा नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, गोपनीय संचालन संरचना, अलग कमरों का उपयोग, बाहरी नेटवर्क से कटे हुए (एयर-गैप्ड) कंप्यूटर सिस्टम और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को जमा करने के प्रोटोकॉल जैसे मामलों में युद्धस्तर पर सुधार लागू करने का आदेश दिया गया। मंत्रालय के एक बयान के मुताबिक, एजेंसी को अपनी परीक्षा प्रणाली के हर चरण की समीक्षा कर कमियों की पहचान करने और उन्हें दूर करने के उपायों पर एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है।
NTA में संगठनात्मक बदलाव
समीक्षा बैठक में शिक्षा मंत्री को बताया गया कि NTA में बड़े पैमाने पर संगठनात्मक बदलाव किए जा रहे हैं। एजेंसी से 50 से अधिक कर्मचारियों को हटाया जा चुका है। इसके अलावा, संस्था को पेशेवर रूप से मजबूत करने के लिए 10 नए नेतृत्व पदों पर भर्ती शुरू हो गई है। इनमें मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी (CTO), मुख्य वित्त अधिकारी (CFO), मुख्य सूचना सुरक्षा अधिकारी (CISO) और महाप्रबंधक (परीक्षा सुरक्षा) जैसे महत्वपूर्ण पद शामिल हैं। इन नियुक्तियों के अलावा, साइबर सुरक्षा, साइकोमेट्रिक्स और प्रश्न-पत्र डिजाइन जैसे विशिष्ट क्षेत्रों के लिए निजी क्षेत्र से डोमेन विशेषज्ञों को भी शामिल किया जा रहा है।
इस उच्च-स्तरीय बैठक में प्रह्लाद जोशी के अलावा उच्च शिक्षा विभाग के सचिव, NTA के महानिदेशक और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे। बैठक में प्रश्न पत्रों और अन्य संवेदनशील परीक्षा सामग्रियों की सुरक्षा को हर स्तर पर मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।
इनपुट: IANS



