छत्तीसगढ़ में AI और औद्योगिक विकास को बढ़ावा, 500 करोड़ के मिशन और BEML प्लांट को कैबिनेट की मंजूरी
छत्तीसगढ़ में तकनीकी नवाचार और औद्योगिक प्रगति को गति देने के लिए राज्य सरकार ने कई बड़े फैसले लिए हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में 500 करोड़ रुपये के आर्टिफिशियल…
छत्तीसगढ़ में तकनीकी नवाचार और औद्योगिक प्रगति को गति देने के लिए राज्य सरकार ने कई बड़े फैसले लिए हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में 500 करोड़ रुपये के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) मिशन को हरी झंडी दी गई। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इसके साथ ही राज्य के पहले भारी अर्थमूविंग उपकरण निर्माण संयंत्र के लिए भूमि आवंटन को भी स्वीकृति प्रदान की गई।
बुधवार को मंत्रालय महानदी भवन में हुई इस बैठक में कुल सात अहम प्रस्तावों को मंजूरी मिली, जिनका उद्देश्य राज्य में सुशासन, कौशल विकास और डिजिटल अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।
छत्तीसगढ़ राज्य AI मिशन
कैबिनेट ने 'छत्तीसगढ़ राज्य कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) मिशन' की स्थापना को मंजूरी दी है, जो केंद्र सरकार के इंडियाएआई मिशन के अनुरूप है। इस पहल का लक्ष्य छत्तीसगढ़ को एक नवाचार-संचालित और भविष्य के लिए तैयार डिजिटल राज्य बनाना है। पांच वर्षों तक चलने वाले इस मिशन के लिए 500 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है।
इस मिशन के तहत राज्य में 100 एआई डेटा लैब और पांच उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किए जाएंगे। यह 300 से अधिक AI स्टार्टअप को सहायता देगा, जबकि 6 लाख छात्रों और 1.5 लाख सरकारी कर्मचारियों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही, सरकारी कामकाज को बेहतर बनाने के लिए 50 से अधिक एआई-आधारित सेवाएं भी विकसित की जाएंगी।
औद्योगिक विकास और अन्य महत्वपूर्ण निर्णय
एक अन्य बड़े फैसले में, कैबिनेट ने 'मिनीरत्न' कंपनी भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड (BEML) को रियायती दर पर जमीन देने को मंजूरी दी। BEML यहाँ भारी अर्थमूविंग उपकरण बनाने का प्लांट स्थापित करेगी, जो राज्य में इस तरह का पहला उद्योग होगा। इस कदम से बड़े पैमाने पर निवेश, स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और छोटे-मध्यम उद्योगों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
इसके अलावा, मंत्रियों ने कई अन्य प्रस्तावों को भी स्वीकृति दी:
- WACMIS प्रणाली: लोक निर्माण विभाग के कार्यों में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने के लिए वर्क्स एंड अकाउंट मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम (WACMIS) के पहले चरण को मंजूरी दी गई। पुणे स्थित सी-डैक द्वारा विकसित यह सिस्टम सभी प्रक्रियाओं को एक डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लाएगा।
- ग्राम सड़क योजना में संशोधन: मुख्यमंत्री ग्राम सड़क एवं विकास योजना में संशोधन कर मनरेगा के तहत मिट्टी के काम की अनिवार्यता खत्म कर दी गई है। इससे गांवों के अंदरूनी रास्तों पर सीमेंट-कंक्रीट की सड़कें और नालियां बनाना आसान होगा।
इनपुट: IANS



