‘सेबाश्रय’ शिविर अनियमितता: अभिषेक बनर्जी को तीन और FIR में कलकत्ता हाईकोर्ट से राहत
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को उनके खिलाफ दर्ज तीन और एफआईआर में कलकत्ता हाईकोर्ट से अंतरिम राहत मिल गई है। शुक्रवार को हुई सुनवाई में अदालत ने पुलिस को 11 सितंबर तक उनके खिलाफ…
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को उनके खिलाफ दर्ज तीन और एफआईआर में कलकत्ता हाईकोर्ट से अंतरिम राहत मिल गई है। शुक्रवार को हुई सुनवाई में अदालत ने पुलिस को 11 सितंबर तक उनके खिलाफ कोई भी सख्त कार्रवाई, जैसे गिरफ्तारी आदि, करने से रोक दिया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इन तीन मामलों की अगली सुनवाई 7 सितंबर को होनी है।
यह राहत पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के लिए एक और कानूनी बचाव है। अब तक राज्य के विभिन्न पुलिस थानों में दर्ज कुल 16 FIR में से उन्हें 8 मामलों में अदालत से अंतरिम संरक्षण मिल चुका है।
क्या हैं ये मामले?
शुक्रवार को जिन तीन मामलों में न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य की एकल पीठ ने राहत दी, उनमें से दो दक्षिण 24 परगना जिले के बिष्णुपुर थाने में और एक रवींद्र नगर थाने में दर्ज हैं। ये सभी मामले पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में अभिषेक बनर्जी द्वारा संचालित मुफ्त 'सेबाश्रय' स्वास्थ्य शिविरों में बड़े पैमाने पर हुई कथित अनियमितताओं से जुड़े हैं। बनर्जी का आरोप है कि राज्य में विधानसभा चुनाव के बाद सत्ता में आई नई भाजपा सरकार राजनीतिक बदला लेने के लिए उन्हें निशाना बना रही है और इसीलिए उनके खिलाफ ये बेबुनियाद एफआईआर दर्ज कराई गई हैं।
शिकायतकर्ताओं के आरोप और अगली सुनवाई
वहीं, शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि पिछली सरकार के दौरान अभिषेक बनर्जी ने अपने अधिकारों का दुरुपयोग किया था। उनका यह भी कहना है कि उस समय उन्हें पुलिस में शिकायत दर्ज करने की अनुमति नहीं मिलती थी, लेकिन सरकार बदलने के बाद अब उन्हें मौका मिला है। डायमंड हार्बर से लोकसभा सांसद अभिषेक बनर्जी को जिन बाकी आठ मामलों में अभी राहत नहीं मिली है, उन पर सुनवाई 25 अगस्त को की जाएगी।
इनपुट: IANS



