शुक्रवार, 14 अगस्त 2026 · नई दिल्ली
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RSS पर पाबंदी की हिम्मत है तो लगाकर दिखाएं: BJP की कर्नाटक सरकार को सीधी चुनौती

कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (BJP) और सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) को लेकर टकराव बढ़ गया है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बी.वाई. विजयेंद्र ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री…

RSS पर पाबंदी की हिम्मत है तो लगाकर दिखाएं: BJP की कर्नाटक सरकार को सीधी चुनौती
(फोटो: IANS)

कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (BJP) और सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) को लेकर टकराव बढ़ गया है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बी.वाई. विजयेंद्र ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार और गृह मंत्री प्रियांक खड़गे को चुनौती दी कि अगर उनमें हिम्मत है तो वे RSS पर प्रतिबंध लगाकर दिखाएं। उन्होंने यह प्रतिक्रिया उन रिपोर्ट्स पर दी, जिनमें कहा गया था कि सरकार संघ की गतिविधियों को नियंत्रित करने के उपाय कर रही है।

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समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, विजयेंद्र ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार जानबूझकर RSS को निशाना बना रही है, भले ही मुख्यमंत्री और गृह मंत्री ने सीधे तौर पर संगठन का नाम न लिया हो। उन्होंने कहा, "इससे पहले मुख्यमंत्री ने विधानसभा में आरएसएस की प्रार्थना का जिक्र किया था, और अब उनका रुख साफ हो गया है।" भाजपा नेता ने सरकार से यह भी स्पष्ट करने की मांग की कि RSS ने ऐसी कौन सी राष्ट्र-विरोधी गतिविधियां की हैं, जिनके कारण उस पर अंकुश लगाने की जरूरत पड़ रही है।

सरकार का नया विधेयक और भाजपा के आरोप

यह राजनीतिक विवाद तब गहराया जब राज्य कैबिनेट ने 'कर्नाटक सरकारी परिसर और सार्वजनिक संपत्ति के उपयोग के नियमन से संबंधित विधेयक, 2026' को मंजूरी दी। इस विधेयक का उद्देश्य निजी संगठनों, संघों और अन्य संस्थाओं द्वारा सरकारी परिसरों के इस्तेमाल को नियंत्रित करना है। भाजपा इसे RSS जैसी संस्थाओं की गतिविधियों पर रोक लगाने की एक कोशिश के तौर पर देख रही है।

विजयेंद्र ने गृह मंत्री प्रियांक खड़गे की आलोचना करते हुए कहा कि वे अपनी जिम्मेदारियों पर ध्यान देने के बजाय बार-बार RSS पर निशाना साध रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, "अगर गृह मंत्री को आरएसएस में इतनी ही दिलचस्पी है, तो उन्हें गृह मंत्री का पद छोड़ देना चाहिए और आरएसएस का विरोध करने के लिए बने किसी विभाग की जिम्मेदारी संभाल लेनी चाहिए।"

RSS का बचाव और पिछली सरकारों का हवाला

RSS का बचाव करते हुए विजयेंद्र ने इसे एक सदी पुराना संगठन बताया जो देशभक्ति, राष्ट्रवाद और सेवा की भावना को बढ़ावा देता है। उन्होंने कांग्रेस सरकार को इतिहास से सीखने की सलाह दी। उन्होंने याद दिलाया कि जवाहरलाल नेहरू और इंदिरा गांधी के कार्यकाल में भी RSS पर प्रतिबंध लगाया गया था, लेकिन संगठन बाद में और मजबूत होकर उभरा। विजयेंद्र ने कहा, "सरकार को इतिहास से सीख लेनी चाहिए और उसी के अनुसार काम करना चाहिए।"

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार राज्य के गरीबों और आम लोगों की समस्याओं जैसे अहम मुद्दों को नजरअंदाज कर रही है और अपना ध्यान RSS जैसे "बेवजह के मुद्दों" पर केंद्रित कर रही है। इसके अलावा, विजयेंद्र ने आवास मंत्री बी.जेड. जमीर अहमद खान द्वारा स्वतंत्रता दिवस पर विजयनगर जिले में ध्वजारोहण की जिम्मेदारी से छूट मांगने की भी आलोचना की।

इनपुट: IANS

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News4Social राजनीति डेस्क

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